
पिछले साल भीषण बाढ़ और भूस्खलन की आपदा झेलने वाले हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने केंद्र सरकार पर मंगलवार को संसद में पेश बजट में राज्य की अनदेखी का आरोप लगाया है। सीएम सुक्खू ने कहा कि हिमाचल में आपदा के लिए कोई बजटीय आवंटित नहीं किया गया है। उन्होंने कहा, "हमने उम्मीद की थी कि आपदा के बाद पीडीएनए (पोस्ट डिजास्टर नीड असेसमेंट) मिलेगा, लेकिन राज्य को यह नहीं मिला।"
हिमाचल को नहीं दिया...
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड, सिक्किम और गोवा के लिए "असिस्टेंट" शब्द का उल्लेख किया गया है, जबकि हिमाचल प्रदेश के लिए "मल्टीलेटरल डेवलपमेंट असिस्टेंट" की बात कही गई है। बाढ़ और आपदा के लिए उत्तराखंड, गोवा और सिक्किम के लिए सीधे "असिस्टेंट" देने की बात कही गई है, लेकिन हिमाचल के साथ ऐसा नहीं है।
हमारे साथ भेदभाव किया जा रहा
मुख्यमंत्री ने कहा कि आपदा के लिए राज्य सरकार ने नौ हजार करोड़ रुपये की सहायता का अनुरोध केंद्र सरकार को भेजा है "जो हमें जरूर मिलना चाहिए"। इसके अलावा अलग से भी प्रदेश के लिए बजट आवंटित करना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि आंध्र प्रदेश और बिहार को "सरकार चलाने के समझौते के अनुसार", बजट आवंटित किया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि हिमाचल के साथ भेदभाव किया जा रहा है। यह बहुत दुख की बात है।
Updated on:
23 Jul 2024 07:11 pm
Published on:
23 Jul 2024 07:11 pm
