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‘हिंदी भाषियों को विशेषज्ञ नहीं बनाना, कामकाजी ज्ञान जरूरी’, ऑटो-टैक्सी में मराठी अनिवार्यता पर बोले CM देवेंद्र फडणवीस

ऑटो-टैक्सी चालकों के लिए मराठी अनिवार्यता पर CM देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि हिंदी भाषियों को विशेषज्ञ नहीं, कामकाज लायक मराठी सीखनी होगी।
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भारत

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Rahul Yadav

Aug 24, 2026

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मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (Photo: IANS)

Devendra Fadnavis Auto Taxi Marathi Compulsory Working Knowledge Hindi Speaking: ऑटो और टैक्सी चालकों के लिए मराठी सीखने की अनिवार्यता को लेकर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा है कि सरकार हिंदी भाषी लोगों को मराठी का विशेषज्ञ बनाने की कोशिश नहीं कर रही है। उनका कहना है कि ऑटो और टैक्सी चलाने वालों के लिए कामकाज चलाने लायक मराठी का ज्ञान पर्याप्त है। फडणवीस ने कहा कि सरकार की कोशिश उन लोगों को मराठी सिखाने की है जिन्हें अभी कामकाज के लिए जरूरी मराठी भी नहीं आती।

हिंदी भाषियों को मराठी का विशेषज्ञ बनाने का कोई कारण नहीं

मुख्यमंत्री ने कहा कि महाराष्ट्र में ऑटो या टैक्सी चलाने वाले हिंदी भाषी लोगों को मराठी में विशेषज्ञ बनाने की कोई जरूरत नहीं है। उन्हें सिर्फ अपने काम के लिए जरूरी कामचलाऊ मराठी आनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इस दिशा में लोगों को मराठी सिखाने का प्रयास किया जा रहा है और इसे लेकर किसी तरह की सख्ती नहीं की जा रही है।

तीन बार बढ़ाई जा चुकी है समयसीमा

देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि मराठी सीखने के लिए दी गई समयसीमा को लोगों के अनुरोध पर पहले भी बढ़ाया गया है। उन्होंने बताया कि अब तक तीन बार समय बढ़ाया जा चुका है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अगर आगे भी लोग यह मांग करते हैं कि वे मराठी सीखना चाहते हैं और इसके लिए उन्हें और समय चाहिए, तो सरकार उनकी मांग पर विचार करेगी और समय बढ़ाया जाएगा।

भाषा के आधार पर किसी के साथ अन्याय नहीं होगा

फडणवीस ने साफ कहा कि महाराष्ट्र की महायुति सरकार भाषा के आधार पर किसी के साथ अन्याय नहीं होने देगी। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र में रहने वाले कई हिंदी भाषी लोग तीन-तीन पीढ़ियों से यहां रह रहे हैं और वे स्थानीय समाज व संस्कृति का हिस्सा बन चुके हैं। इसलिए सरकार का उद्देश्य किसी के खिलाफ कार्रवाई करना नहीं, बल्कि जिन लोगों को कामकाज के लिए जरूरी मराठी भी नहीं आती, उन्हें भाषा सीखने में मदद करना है। मुख्यमंत्री ने दोहराया कि भाषा के आधार पर किसी के साथ अन्याय न हुआ है और न ही उनकी सरकार ऐसा होने देगी।