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भारत-नेपाल के बीच ट्रेन सेवा शुरू, पासपोर्ट दिखाना होगा अनिवार्य? जानिए और कौन से दस्तावेज हैं मान्य

आठ वर्षों बाद भारत-नेपाल के बीच रेल सेवा 2 अप्रैल से शुरू हो गई। पीएम नरेंद्र मोदी और नेपाल के पीएम शेर बहादुर देउबा ने दिल्ली के हैदराबाद हाउस से रिमोट दबाकर ट्रेन को रवाना किया। इससे पूर्व दोनों देशों के प्रधानमंत्री ने बैठक भी की। इस दौरान दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडल के बीच भी बातचीत हुई। यात्रियों के लिए रेल सेवा कल यानी 3 अप्रैल से शुरू होगी।

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Dheeraj Sharma

Apr 02, 2022

India Nepal Rail Service Begins Passport Necessary For Travel From Train

India Nepal Rail Service Begins Passport Necessary For Travel From Train

भारत और नेपाल के बीच 8 साल बाद रेल सेवा एक बार फिर से शुरू हो गई है। पीएम नरेंद्र मोदी और नेपाल के प्रधानमंत्री शेर बहादुर देउबा ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए रेल सेवा का उद्घाटन किया। ये रेल सेवा बिहार के जयनगर से नेपाल के जनकपुर होते हुए कुर्था तक जाएगी। हालांकि यात्रियों के लिए ये सेवा 3 अप्रैल से शुरू होगी। भारत और नेपाल के बीच रेल सेवा कुल 34.9 किलोमीटर लम्बी होगी। इस दौरान यात्रियों को अपने साथ पासपोर्ट रखना अनिवार्य होगा। रेल सेवा के उद्घाटन के दौरान पीएम मोदी ने कहा रेल सेवा शुरू होने से दोनों देशों के बीच निकटता आएगी।


पीएम मोदी ने कहा कि, भारतीय नववर्ष और नवरात्रि के अवसर पर नेपाल के प्रधानमंत्री देउबा का स्वागत है। उन्होंने कहा देउबा जी भारत के पुराने मित्र हैं। पीएम के तौर पर ये उनकी पांचवी भारत यात्रा है। भारत और नेपाल की दोस्ती हमारे लोगों के आपसी संबंध ऐसी मिसाल विश्व में कहीं और नहीं देखने को मिलती।

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हमारी सभ्यता, हमारी संस्कृति हमारे आदान प्रदान के धागे प्राचीनकाल से जुड़े हैं। नेपाल की शांति, प्रगति और विकास की यात्रा में भारत एक दृढ़ साथी रहा है और आगे भी रहेगा।

देउबा और मेरे बीच इन सब विष्यों के साथ अन्य विषयों पर सार्थक बातचीत हुई। हमने अपने सहयोग के विभिन्न पहलुओं पर बात की और समीक्षा करने के साथ भविष्य की रूपरेखा पर काम किया।


पावर सेक्टर में सहयोग के अवसरों को पूरा लाभ उठाएंगे। हमारा जॉइंट विजन सेगमेंट ऑन पावर कॉर्पोरेशन भविष्य में सहयोग का ब्लू प्रिंट साबित होगा। हमने पंचेश्वर परियोजना में तेज गति से आगे बढ़ने में सहयोग दिया है। हमने भारतीय कंपनियों के जरिए नेपाल के हाईड्रोपावर योजना में और सहभागिता बढ़ाई है।

व्यापार में सहयोग पर सहमति

पीएम मोदी ने कहा, दोनों देशों ने व्यापार और सभी तरह के क्रॉस बॉर्डर कनेक्टिविटी पर सहयोग देने पर सहमति जताई है। ट्रेन सेवा भी इसी कड़ी का हिस्सा है।


ट्रेन से नेपाल जाने के लिए जरूरी दस्तावेज

ट्रेन से भारत से नेपाल जाने के लिए पासपोर्ट की अनिवार्यता नहीं रहेगी। हालांकि, यात्रा के दौरान भारत सरकार या फिर राज्‍य सरकारों की ओर से जारी फोटो पहचान पत्र रखना अनिवार्य होगा। पासपोर्ट की अनिवार्यता नहीं होगी, लेकिन यात्री पासपोर्ट के साथ भी नेपाल आ और जा सकेंगे। बता दें कि इस पैसेंजर ट्रेन का विस्‍तार नेपाल के वरदीवास तक किया जाएगा।

इन दस्तावेजों को मान्यता

- भारत सरकार/राज्‍य सरकार/संघ शासित प्रदेशों की ओर से कर्मचारियों के लिए जारी फोटो पहचान पत्र।
- भारतीय चुनाव आयोग की ओर से जारी फोटो पहचान पत्र।
- नेपाल स्थित भारतीय दूतावास/भारतीय महावाणिज्‍य दूतावास की ओर से जारी आपातकालीन प्रमाण पत्र या परिचय प्रमाण।


वरिष्ठ नागरिकों और बच्चों के लिए भी ये दस्तावेज

इसके अलावा 65 से अधिक और 15 वर्ष से कम आयु वर्ग के लोगों की उम्र और पहचान की पुष्टि के लिए फोटोयुक्‍त पैन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, सीजीएचएस कार्ड या राशन कार्ड आदि भी मान्‍य होंगे।

यात्रा में होंगे 9 स्टॉप

नेपाल जाने के लिए जयनगर से कुर्था की यात्रा के बीच कुल 9 स्टॉप पड़ेंगे। बिहार के जयनगर से ट्रेन शुरू होगी। इसके बाद इनरवा रुकेगी और फिर अगला स्टेशन खजूरी होगा। इसके बाद महिनाथपुर, फिर वैदही, इसके बाद परवाहा, फिर जनकपुर और जनकपुर से कुर्था के रूट पर ट्रेन का संचालन होगा।


किराए पर एक नजर

नेपाल जाने के लिए किराया भी तय कर दिया गया है। इसके तहत सामान्य श्रेणी में 56.25 रुपए किराया होगा जबकि 281.25 रुपए एसी कोच का किराया होगा।

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