
लोकसभा चुनाव से पहले पश्चिम बंगाल की सियासी पिच बेहद दिलचस्प होती जा रही है। ममता बनर्जी की टीएमसी की ओर से उम्मीदवारों की घोषणा के बाद यह तय हो गया है कि यहां त्रिकोणीय मुकाबला होना तय है। ममता बनर्जी की टीम से क्रिकेट के दो दिग्गज खिलाड़ी यूसुफ पठान और कीर्ती आजाद चुनावी मैदान में उतरेंगे।
दरअसल, टीएमसी ने कीर्ती आजाद को बर्धमान-दुर्गापुर निर्वाचन क्षेत्र से उम्मीदवार बनाया गया है। कीर्ती आजाद अविभाजित बिहार के पूर्व कांग्रेसी मुख्यमंत्री भागवत झा आज़ाद के पोते हैं। वह 2022 में ब्रिगेड रैली के दौरान टीएमसी में शामिल हुए और अब तक निष्क्रिय रहे, हाल ही में आजाद अचानक अंडाल के काजी नज़रूल इस्लाम हवाई अड्डे पर पहुंचे और जिला अध्यक्ष और पांडवेश्वर विधायक नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती के साथ एक स्थानीय मंदिर में पूजा की और भाग लिया।
आपको बता दें कि कीर्ति आज़ाद ने अपना राजनीतिक करियर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के साथ शुरू किया और बिहार में अपने जन्मस्थान दरभंगा से तीन बार लोकसभा के लिए चुने गए। हालांकि, 2015 में दिल्ली क्रिकेट एसोसिएशन (डीडीसीए) में कथित अनियमितताओं और भ्रष्टाचार को लेकर और तत्कालीन वित्त मंत्री अरुण जेटली पर हमले के बाद "पार्टी विरोधी" गतिविधियों के लिए उन्हें पार्टी से निलंबित कर दिया गया था।
वहीं 2014 के लोकसभा चुनाव में टीएमसी को 34, कांग्रेस को 4 और बीजेपी को 2 सीटें मिली थीं. 2019 में हालांकि टीएमसी सबसे ज्यादा सीटें जीतती रही, लेकिन यह उसके 2014 के प्रदर्शन से काफी कम थी. 2019 के लोकसभा चुनाव में टीएमसी को 22 सीटें मिलीं, कांग्रेस को सिर्फ 2 सीटें मिलीं और बीजेपी ने 18 सीटें हासिल कीं।
Published on:
10 Mar 2024 05:08 pm
बड़ी खबरें
View Allबिहार चुनाव
राष्ट्रीय
ट्रेंडिंग
