18 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

भारत दौरे पर आए मॉरीशस के प्रधानमंत्री: वाराणसी, अयोध्या और तिरुपति में करेंगे दर्शन

मॉरीशस के प्रधानमंत्री नवीनचंद्र रामगुलाम अपने आठ दिनों के दौरें के लिए मंगलवार को मुंबई पहुंचे।

2 min read
Google source verification

भारत

image

Himadri Joshi

Sep 09, 2025

Mauritius PM India tour

भारत दौरे पर आए मॉरीशस के प्रधानमंत्री का मुंबई में स्वागत (फोटो - आईएएनएस)

मॉरीशस के प्रधानमंत्री नवीनचंद्र रामगुलाम मंगलवार को भारत की राजकीय यात्रा पर मुंबई पहुंचे है। मॉरीशस पीएम इस दौरान 8 दिनों के लिए भारत में रहेंगे और फिर 16 सिंतबर को वापस लौटेंगे। रामगुलाम की यह वर्तमान कार्यकाल में भारत की पहली विदेश द्विपक्षीय यात्रा है। इस यात्रा का उद्देश्य दोनों देशों के बीच संवर्धित रणनीतिक साझेदारी को और अधिक मजबूत करना है।

भारत के विदेश मंत्रालय ने दी जानकारी

भारत के विदेश मंत्रालय ने एक्स पर पोस्ट शेयर कर मॉरीशस पीएम के भारत आने की जानकारी दी। विदेश मंत्रालय ने लिखा, एक ऐसी यात्रा जो भारत-मॉरीशस की बढ़ी हुई रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करेगी। मॉरीशस के प्रधानमंत्री डॉ. नवीनचंद्र रामगुलाम का भारत की राजकीय यात्रा पर मुंबई पहुंचने पर गर्मजोशी से स्वागत है। यात्रा की शुरुआत में रमगुलाम पहले मुंबई में एक बिजनेस इवेंट में भाग लेंगे।

पीएम मोदी के साथ वाराणसी जाएंगे मॉरीशस पीएम

इसके बाद रमगुलाम देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और पीएम मोदी से मुलाकात करेंगे। पीएम मोदी से मुलाकात के दौरान दोनों देशों की एन्हांस्ड स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप को और मजबूत करने के लिए बातचीत की जाएगी। मुबंई के अलावा मॉरीशस के पीएम अपनी इस यात्रा के दौरान वाराणसी, अयोध्या और तिरुपति भी जाएंगे। रमगुलाम पीएम मोदी के साथ 11 सितंबर को वाराणसी आएंगे। दोनों देशों के पीएम के स्वागत के लिए शहर को पूरी तरह से सजा दिया गया है। शहरभर में उनके स्वागत के लिए विशेष इंतजाम और सजावट की गई है।

2014 में भारत आए थे मॉरीशस के पीएम

आखिरी बार मॉरीशस के पीएम 2014 में भारत आए थे। वह एकमात्र गैर-सार्क नेता थे जिन्हें प्रधानमंत्री मोदी और मंत्रिपरिषद के पहले शपथ ग्रहण समारोह में आमंत्रित किया गया था। भारत के विदेश मंत्रालय ने एक बयान जारी करते हुए कहा, भारत और मॉरीशस के बीच एक बहुत ही घनिष्ठ और खास रिश्ता है। इस रिश्ते की जड़ें दोनों देशों के साझा इतिहास, संस्कृति और लोगों के आपसी संबंधों में हैं। मॉरीशस हिंद महासागर में भारत का एक महत्वपूर्ण समुद्री पड़ोसी है, इसलिए 'विजन महासागर' और 'पड़ोसी पहले नीति' में इसका एक विशेष स्थान है।