12 जनवरी 2026,

सोमवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

catch_icon

प्लस

epaper_icon

ई-पेपर

profile_icon

प्रोफाइल

28 जून से देव दर्शन कराएगा रेलवे, लग्जरी ट्रेन से होगी गंगा आरती

रेलवे रामायण सर्किट यात्रा के बाद अब देव दर्शन यात्रा कराएगा। 28 जून से रेलवे ने इसकी तैयारियां शुरू कर दी हैं।

2 min read
Google source verification

भारतीय रेलवे बोर्ड गर्मी के अवकाश में बाबा विश्वनाथ, काशी कॉरिडोर और गंगा आरती के दर्शन के लिए सुपर लग्जरी ट्रेन चलाने जा रहा है। इसके साथ ही भारतीय रेलवे देव दर्शन यात्रा में बद्रीनाथ, जोशीमठ सहित कई ज्योतिर्लिंग मंदिरों के दर्शन कराएगी। सुपर लग्जरी ट्रेन में महादेव भक्तों के लिए आकर्षण का केंद्र होगा।
रेलवे बोर्ड के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि आईआरसीटीसी की रामायण सर्किट यात्रा की सफलता के बाद 28 जून से देव दर्शन यात्रा के लिए सुपर लग्जरी एसी ट्रेन शुरू करने का निर्णय लिया गया है। रेलवे ने बताया कि शुद्ध और ताजा शाकाहारी नाश्ता और भोजन दिया जाएगा। ट्रेन में यात्रा करने वाले सभी भक्तों का बीमा होगा। रेलवे इस ट्रेन में सुरक्षा का पुख्ता इंतजाम किया जाएगा।

ट्रेन में लगाए गए ये कोच
लग्जरी ट्रेन में एसी-1 के कुपे व केबिन के साथ एसी-2 और एसी-3 श्रेणी के कोच होंगे। ट्रे में ऑनबोर्ड रेखां होगा। एसी-1 व एसी-2 के तीर्थ यात्री रेस्त्रा में बैठकर नश्ता, खाना, सुबह-शाम चाय-काफी का लुफ्त उठा सकेंगे। एसी-3 के शिवभक्तों को उनकी बर्थ पर खाना, चाय, नाश्ता आदि दिया जाएगा। अधिकारी ने बताया कि देव दर्शन ट्रेन दिल्ली के सफदरजंग से सफर शुरू करेगी।

कन्फर्म न होने पर रेलवे सिस्टम रद्द कर देता है टिकट
आईआरसीटीसी प्रवक्ता ने बताया कि ई-टिकट के पीएनआर में छह यात्री में से किसी एक यात्री की वर्थ कन्फर्म है और शेष पांच यात्रियों को वैकिल्पक बीमा कवर दिया जाता है। नियमतः पीएनआर में एक यात्री के कन्फर्म टिकट पर शेष यात्री वेटिंग टिकट पर यात्रा करने के लिए वैध हैं।

टिकट नहीं हुआ कंफर्म तो पैसा आएगा वापस
पीएनआर में एक भी यात्री का टिकट कन्फर्म नहीं है तो रेलवे सिस्टम स्वतः टिकट रद्द कर देता है और पैसे उनके बैंक खाते में आ जाता है। जिससे उक्त पीएनआर पर यात्रा नहीं की जा सकती है। इसी प्रकार पांच साल से कम उम्र के बच्चे व आधी टिकट पर सफर करने वाले बच्चों को बीमा कवर दिया जाता है।