
जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले में छिपे आतंकवादियों के खिलाफ अभियान सोमवार को भी जारी है। सुरक्षाबलों के अभियान पर कांग्रेस विधायक निजामुद्दीन भट ने बयान दिया। उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर सरकार को इस मामले में कड़ा रुख अपनाने की जरूरत है। कांग्रेस विधायक निजामुद्दीन भट ने कहा, "यह अच्छी स्थिति नहीं है। हम हिंसा से निपट रहे हैं, लेकिन हिंसा किसे पसंद है? आतंकवाद से निपटने के दौरान हमारी प्राथमिक चिंता हमेशा से ही कोलेटरल डैमेज से बचने, नागरिक हताहतों को रोकने और यह सुनिश्चित करने की रही है कि सुरक्षा बल स्थिति को सुरक्षित तरीके से संभालें। साथ ही जम्मू-कश्मीर सरकार को इस मामले को देखने की जरूरत है, ताकि आतंकवाद से निपटा जा सके।"
वक्फ (संशोधन) विधेयक पर उन्होंने आगे कहा, "हम इस बिल के खिलाफ हैं और संसद के अंदर और बाहर अपनी आवाज उठाते रहेंगे।" इससे पहले जम्मू-कश्मीर विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुनील शर्मा ने हीरानगर सर्च अभियान पर कहा, "एक तरफ पाकिस्तान खुद अपनी भूमि के अंदर ही आतंकवाद की ज्वाला में लिपट चुका है और दूसरी तरफ वे (पाकिस्तान) यहां घुसपैठ करके आतंकवादी भेजने का प्रयास कर रहे हैं। हीरानगर के सान्याल गांव में जो घटना सामने आई है, उसके बाद हमारी सिक्योरिटी फोर्स सर्च अभियान चला रही है और लगातार वहां पर डटी हुई है। मेरा ऐसा मानना है कि पाकिस्तान ने खुद के लिए खाई खोद रखी है और उसकी रस्सी जल गई, लेकिन बल नहीं गया। मगर हमारी सिक्योरिटी फोर्स चाक चौबंद है और अलर्ट मोड पर आतंकवादियों को दफन करने का काम करेगी।"
उन्होंने आगे कहा, "जम्मू-कश्मीर में जब से नेशनल कॉन्फ्रेंस की सरकार बनी है, तब से वे पाकिस्तान की गाथा गा रहे हैं। वे कभी उनके साथ बात करने की वकालत करते हैं, तो कभी किसी और तरीके से पाकिस्तान का बोलबाला करते हैं। इसी वजह से ऐसी घटनाएं सामने आती हैं।"
Updated on:
24 Mar 2025 01:21 pm
Published on:
24 Mar 2025 01:21 pm
