
आईएसएफ विधायक नवसाद सिद्दीकी और तृणमूल विधायक शौकत मोल्ला (Photo: IANS)
Trinamool Congress MLA Saokat Molla: इंडियन सेकुलर फ्रंट (आईएसएफ) के विधायक नौशाद सिद्दीकी ने सोमवार को तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के विधायक शौकत मल्ला के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया। सिद्दीकी ने कैनिंग पूर्व विधानसभा क्षेत्र से टीएमसी विधायक मल्ला के खिलाफ कोलकाता के बैंकशाल कोर्ट में शिकायत दर्ज कराई। सिद्दीकी ने आरोप लगाया कि मल्ला ने उन्हें सार्वजनिक रूप से बदनाम करने के लिए झूठे आरोप लगाए हैं।
आईएसएफ विधायक सिद्दीकी ने कहा कि टीएमसी विधायक मल्ला ने उन्हें बीजेपी से पैसे लेकर टीएमसी के खिलाफ काम करने का आरोप लगाया। सिद्दीकी ने आगे दावा किया कि मल्ला ने उन्हें टीएमसी में शामिल होने का लालच दिया और ममता बनर्जी सरकार के कैबिनेट में मंत्री पद दिलाने का वादा किया।
केस दायर करने के बाद सिद्दीकी ने मीडिया से बातचीत में कहा, शौकत मल्ला ने अपने बयान में कहा कि मैंने बीजेपी से 30 करोड़ रुपये लिए। यह मेरे खिलाफ झूठा आरोप है। वह सार्वजनिक रूप से मेरी प्रतिष्ठा को धूमिल कर रहे हैं। मैं उनकी भाषा में जवाब नहीं दे सकता, इसलिए कानूनी भाषा में जवाब दे रहा हूं। मैं शौकत मल्ला से कोर्ट में साबित करने की मांग करता हूं कि मैंने बीजेपी से पैसे कब और कहां लिए, और क्या 500 रुपये के नोट या किसी अन्य मूल्यवर्ग के नोटों का इस्तेमाल किया गया।
सिद्दीकी विधायक बनने के बाद से दक्षिण 24 परगना जिले में अपनी प्रभावशाली स्थिति के कारण टीएमसी, खासकर मल्ला के साथ टकराव में हैं। वह पश्चिम बंगाल में आईएसएफ के इकलौते विधायक हैं। 2021 के बंगाल विधानसभा चुनावों में दक्षिण 24 परगना जिले की 31 सीटों में से टीएमसी ने 30 सीटें जीतीं, जबकि आईएसएफ ने भंगड़ विधानसभा क्षेत्र से सिद्दीकी को जिताया। तब से जिले में टीएमसी और आईएसएफ के बीच सत्ता संघर्ष चल रहा है, जिसमें 2021 से कई हिंसक झड़पें हुईं, खासकर 2023 के राज्य पंचायत चुनावों के दौरान।
टीएमसी ने कई बार सिद्दीकी को पार्टी में शामिल होने के लिए प्रोत्साहित किया, लेकिन उन्होंने इन प्रस्तावों को ठुकरा दिया। सिद्दीकी ने कहा, 2021 में बीजेपी ने बंगाल में 77 सीटें जीतीं, टीएमसी को उनसे कोई समस्या नहीं। लेकिन आईएसएफ की एक सीट से उन्हें इतनी परेशानी हो रही है। उन्होंने मुझे पहले पार्टी जॉइन करने को कहा, मैंने मना कर दिया। फिर मेरे खिलाफ झूठा केस दर्ज कराया। मैं 42 दिन जेल में रहा, फिर 24 घंटे जेल में बिताए। जब मैं झुक नहीं रहा, तो वे सोशल मीडिया पर झूठे आरोप लगाकर मुझे बदनाम करने की साजिश कर रहे हैं।
Updated on:
08 Sept 2025 09:10 pm
Published on:
08 Sept 2025 09:10 pm
