
मौसम विभाग ने आठ अप्रैल से एक नया पश्चिमी विक्षोभ एक्टिव होने की संभावना जताई है।
New Western Disturbance: अप्रैल की शुरुआत से तापमान बढ़ रहा है जबकि पश्चिमी हवाओं ने गर्म रूप रख लिया है। इसी बीच मौसम विभाग ने 8 अप्रैल एक नए पश्चिमी विक्षोभ के एक्टिव होने की बात कही है। नए पश्चिमी विक्षोभ के एक्टिव होने पर पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों में कहीं हल्की तो कहीं मध्यम बारिश की भविष्यवाणी की गई है। दिल्ली-एनसीआर में भी इसका हल्का फुल्का असर देखने को मिल सकता है। हालांकि इससे पहले मौसम विभाग ने दिल्ली-एनसीआर में हीटवेव के लिए येलो अलर्ट जारी किया था। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि हीटवेव की घोषणा तब की जाती है। जब अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस या उससे अधिक हो जाता है।
बात अगर मौसम विभाग की लेटेस्ट भविष्यवाणी की करें तो ये थोड़ी राहत देने वाली है। मौसम विभाग का कहना है कि जल्द एक नया पश्चिमी विक्षोभ पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में एक्टिव होने वाला है। मौसम वैज्ञानिकों की मानें तो 8 अप्रैल से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र को एक नया पश्चिमी विक्षोभ प्रभावित करेगा। इस पश्चिमी विक्षोभ के चलते 8 अप्रैल से 11 अप्रैल के बीच जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के अलग-अलग हिस्सों में तेज हवाओं के साथ कहीं हल्की तो कहीं मध्यम बारिश होने की संभावना है। जबकि 9 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के कुछ हिस्सों में ओले भी पड़ने की बात कही गई है।
बात अगर दिल्ली-एनसीआर के मौसम की करें तो शुक्रवार को दिल्ली के तापमान में हल्की गिरावट देखी गई। यह गिरावट तेज हवाओं के चलते आई है। इस दौरान सफदरजंग स्थित बेस स्टेशन में अधिकतम तापमान 38.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जबकि जबकि एक दिन पहले यह 39 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। वहीं शुक्रवार को दिल्ली के किसी भी शहर में 40 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा तापमान नहीं दर्ज किया गया है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, शुक्रवार को दिल्ली का रिज स्टेशन सबसे गर्म माना गया। यहां अधिकतम तापमान 39.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जबकि एक दिन पहले रिज में 40.4 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान दर्ज किया था।
बात अगर दिल्ली की वायु गुणवत्ता की करें तो शुक्रवार को इसमें मामूली सुधार दिखा। हालांकि इसके बाद भी शहर की वायु गुणवत्ता खराब ही बनी हुई है। शुक्रवार को दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक 0 से 500 के पैमाने पर 219 दर्ज किया गया। जबकि एक दिन पहले यानी गुरुवार को यह 217 दर्ज किया गया था। विशेषज्ञ इसे मामूली सुधार मान रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि दिल्ली के वायु गुणवत्ता में ऐसे सुधारों का कोई अर्थ नहीं है। यह फिर खराब हो सकता है। इसके साथ ही अगले दो दिनों तक दिल्ली के तापमान की बात करें तो 7 अप्रैल तक अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है।
मौसम विभाग की मानें तो 8 से 11 अप्रैल के बीच एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय रहेगा, जिसके चलते जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के कई इलाकों में तेज़ हवाओं के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। खास तौर पर 9 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के कुछ हिस्सों में ओलावृष्टि भी हो सकती है। मौसम विभाग के अनुसार 9 अप्रैल से हिमाचल प्रदेश में भी इस विक्षोभ का असर दिखने लगेगा। इस दिन राज्य के कई हिस्सों में गरज-चमक, तेज़ हवाएं और हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।
मौसम विभाग ने इसको लेकर यलो अलर्ट जारी किया है। विशेषकर चंबा, कुल्लू, कांगड़ा, लाहौल-स्पीति और किन्नौर जिलों में हल्की बारिश या बर्फबारी की भी संभावना जताई गई है। हालांकि 5 से 7 अप्रैल के बीच हिमाचल प्रदेश के कई हिस्सों में लू चलने की संभावना जताई गई है। गर्म हवाओं के इस दौर के बाद मौसम अचानक करवट ले सकता है। इसके साथ ही 10 और 11 अप्रैल को मौसम विभाग ने चंबा, कुल्लू, कांगड़ा, लाहौल-स्पीति और किन्नौर जिलों में गरज-चमक, तेज हवाओं के साथ हल्की बारिश या बर्फबारी की चेतावनी जारी की है। इतना ही नहीं, निचले पहाड़ी और मैदानी क्षेत्रों में भी कुछ स्थानों पर हल्की बारिश या बर्फबारी हो सकती है।
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Updated on:
05 Apr 2025 06:27 pm
Published on:
05 Apr 2025 05:17 pm
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