
NCP प्रमुख शरद पवार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विदेश दौरे का समर्थन किया है।
Sharad Pawar PM Modi: देश की राजनीति में जब भी कूटनीति और राष्ट्रीय हित की बात आती है, तो कई बार नेताओं के सुर बदलते दिखते हैं। विपक्षी INDIA गठबंधन की प्रमुख सहयोगी पार्टी के वरिष्ठ नेता शरद पवार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विदेश यात्रा को लेकर कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों की आलोचना से अलग रुख अपनाया है। शरद पवार ने साफ शब्दों में कहा है कि कूटनीतिक मोर्चे पर राजनीतिक मतभेदों को भुलाकर देश के साथ खड़ा होना चाहिए, क्योंकि प्रधानमंत्री विदेश में भारत की प्रतिष्ठा बढ़ा रहे हैं।
मंगलवार शाम को आयोजित एक कार्यक्रम में बोलते हुए अनुभवी राजनेता शरद पवार ने राष्ट्रीय एकता का संदेश दिया। उन्होंने कहा, प्रधानमंत्री मोदी भारत से बाहर देश की साख को मजबूत करने का काम कर रहे हैं। हमारे राजनीतिक विचार भले ही अलग हो सकते हैं, लेकिन जब बात देश के गौरव की हो, तो हमें राजनीति से ऊपर उठना चाहिए।
पवार ने इतिहास का हवाला देते हुए पूर्व प्रधानमंत्रियों इंदिरा गांधी, पी.वी. नरसिम्हा राव और मनमोहन सिंह का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि इन सभी नेताओं ने हमेशा देश के भविष्य और वैश्विक प्रतिष्ठा को राजनीति से ऊपर रखा। इसलिए, जब भी देश की स्थिति को मजबूत करने का मौका मिले, सभी दलों को एकजुट होना चाहिए।
शरद पवार का यह बयान तब आया जब लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और शिवसेना UBT के नेता संजय राउत ने पीएम मोदी के विदेश दौरे पर तीखा हमला बोला था। राहुल गांधी ने तंज कसते हुए कहा था कि एक तरफ देश और दुनिया में संकट का माहौल है, जहां प्रधानमंत्री आम लोगों से विदेश यात्रा न करने की अपील कर रहे हैं, वहीं वह खुद दुनिया भर की सैर कर रहे हैं। राहुल ने चेतावनी दी कि किसी भी आर्थिक मंदी का असर बड़े उद्योगपतियों पर नहीं, बल्कि देश के आम नागरिकों पर पड़ेगा।
वहीं संजय राउत ने चुटकी लेते हुए कहा कि प्रधानमंत्री जहां भी जाते हैं, उन्हें वहां का सर्वोच्च पुरस्कार मिल जाता है, जल्द ही वह अवॉर्ड्स की सेंचुरी पूरी कर लेंगे। विपक्ष ने प्रधानमंत्री की इस बात के लिए आलोचना की है कि उन्होंने लोगों से मध्य-पूर्व संकट के कारण अनावश्यक यात्रा कम करने और ईंधन बचाने की अपील करने के बाद भी विदेश यात्रा की।
विपक्ष के इन हमलों पर पलटवार करते हुए बीजेपी BJP प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि वैश्विक अनिश्चितता के इस दौर में प्रधानमंत्री का यह कूटनीतिक मिशन हर भारतीय के हित की रक्षा के लिए बेहद जरूरी है।
गौरतलब है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 15 मई से 20 मई, 2026 तक पांच देशों यूएई UAE, नीदरलैंड्स, स्वीडन, नॉर्वे और इटली के जरूरी दौरे पर हैं। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य दुनिया में चल रही उथल-पुथल के बीच भारत के लिए ऊर्जा, तकनीक और रक्षा समझौतों को मजबूत करना है।
Updated on:
20 May 2026 02:45 pm
Published on:
20 May 2026 02:45 pm
