30 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

सुप्रीम कोर्ट के बाहर आत्मदाह करने वाले युवक ने तोड़ा दम, युवती की हालत भी गंभीर

सुप्रीम कोर्ट के बाहर आत्मदाह का प्रयास करने वाले युवक की इलाज के दौरान अस्पताल में मौत हो गई हैं। वहीं युवती की हालत भी गंभीर बनी हुई है।

2 min read
Google source verification
सुप्रीम कोर्ट के बाहर आत्मदाह का प्रयास

सुप्रीम कोर्ट के बाहर आत्मदाह का प्रयास

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट के सामने आत्मदाह करने वाले युवक और युवती में से घायल युवक की अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई है। वहीं युवती की हालत भी गंभीर बनी हुई है। बता दें कि 16 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट के सामने एक युवती और उसके गवाह युवक ने ज्वलनशील पदार्श डालकर खुद को आग के हवाले कर लिया था। जानकारी के मुताबिक आत्मदाह करने से पहले युवती ने सोशल मीडिया पर एक लाइव भी किया था। युवती न्याय न मिलने से परेशान थी, जिसके चलते उसे यह कदम उठाने के लिए मजबूर होना पड़ा।

बसपा संसाद पर दुष्कर्म का आरोप

युवती ने घोसी से बसपा सांसद अतुल राय पर दुष्कर्म का आरोप लगाया था। आरोप लगाने के बाद 16 अगस्त को जब महिला अपने गवाह के साथ सुप्रीम कोर्ट पहुंची। जानकारी के मुताबिक दोनों ने कोर्ट परिसर के अंदर प्रवेश करने का प्रयास किया, लेकिन पर्याप्त आईडी न होने की वजह से गेट पर मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें अंदर नहीं जाने दिया। इस पर दोनों ने खुद पर ज्वलनशील द्रव्य डालकर खुद को आग को आग लगा ली।

आनन-फानन में पहुंचाया गया अस्पताल

मौके पर मौजूद लोगों ने जब दोनों को आग की लपटों से घिरा देखा तो आनन-फानन में आग बुझाने का प्रयास किया। साथ ही वकीलों और सुरक्षाकर्मियों की मदद से उन्हें नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां बीते कई दिनों से दोनों का इलाज चल रहा था और आज गवाह युवक ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।

यह भी पढ़ें: सुप्रीम कोर्ट के बाहर रेप पीड़िता के आत्मदाह के मामले की जांच कराएगी योगी सरकार

यूपी सरकार कर रही कार्रवाई
सुप्रीम कोर्ट के सामने आगजनी का मामला सामने आने के बाद प्रदेश सरकार ने इस मामले में जांच बिठा दी थी। सरकार की ओर से सांसद अतुल राय के खिलाफ दो सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया था। यह कमेटी जल्द ही अपनी रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंपेगी। दो सदस्यीय टीम में आईपीएस आरके विश्वकर्मा और आईपीएस नीरा रावत शामिल हैं।

निलंबित हो चुके हैं पुलिस अधिकारी

इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए राज्य सरकार ने दुष्कर्म पीड़िता के खिलाफ दर्ज मुकदमे की विवेचना में लापरवाही बरतने पर कैंट इंस्पेक्टर राकेश कुमार सिंह और दरोगा गिरजाशंकर यादव को निलंबित कर दिया था। पुलिस आयुक्त ए सतीश गणेश के आदेश पर दोनों के खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है।

गौरतलब है कि अतुल राय यूपी के मऊ जिले की घोसी लोकसभा सीट से सांसद हैं। वाराणसी के लंका थाने में 1 मई 2019 को अतुल राय के खिलाफ दुराचार करने के आरोप में FIR दर्ज कराई गई थी। वहीं साल 2019 में हुए लोकसभा चुनाव में वह विजयी घोषित हुए थे। गौरतलब है कि दुष्कर्म के मामले में जेल में बंद BSP सांसद अतुल राय को संसद सदस्य के तौर पर शपथ लेने के लिए हाईकोर्ट ने दो दिन की पैरोल मंजूर की थी।

Story Loader