2 अगस्त 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

ट्रांसपोर्ट नगर…सरकार की ये अनुमति, अब निगम राजस्व विभाग को देगी राशि

-एमआईसी के प्रस्ताव पर राज्य शासन ने दी मंजूरी, महापौर ने भी उठाया था नगरीय प्रशासन मंत्री के समक्ष प्रस्ताव
2 min read
Google source verification

छिंदवाड़ा.नगर निगम के अधीन ग्राम सारसवाड़ा में प्रस्तावित ट्रांसपोर्ट नगर में निगम की संचित निधि से 1.60 करोड़ रुपए दिए जाएंगे। नगरीय प्रशासन विभाग ने एमआईसी के प्रस्ताव पर नगर निगम को इसकी मंजूरी दे दी है। इसके बाद निगम यह राशि राजस्व विभाग को देगा। फिर पूरा मामला नगर एवं ग्राम निवेश विभाग में जाएगा, जहां की अनुमति के बाद विभागीय टेंडर लगाए जाएंगे।
बता दें कि पिछले दो सप्ताह पहले महापौर विक्रम अहके की अध्यक्षता में हुई नगर निगम की मेयर इन काउंसिल की बैठक में ट्रांसपोर्ट नगर के लिए 1.80 करोड़ रुपए की संचित निधि निकालने का प्रस्ताव पारित किया गया था। इसके बाद इसे राज्य शासन की अभिस्वीकृति के लिए नगरीय प्रशासन विभाग को भेजा गया था। इसको लेकर दो दिन महापौर नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय से मिले थे। इसके दो दिन बाद ही नगर निगम के पास विभागीय पत्र पहुंचा। इस पत्र में निगम को भेजे गए प्रस्ताव राशि में से 1.60 करोड़ रुपए संचित निधि से निकालने की अनुमति दी गई है। इसके बाद निगम अधिकारी जल्द ही इस राशि को राजस्व विभाग को देकर जमीन हासिल करेंगे।
इस संबंध में निगम के लेखाधिकारी प्रमोद जोशी ने भी इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि ट्रांसपोर्ट नगर के लिए 1.60 करोड़ रुपए संचित निधि से निकालने का प्रस्ताव मंजूर हो गया है। इसकी जानकारी आ गई है।
……
अब आगे क्या..जमीन हासिल करना पहला मकसद

निगम के कार्यपालन यंत्री ईश्वर सिंह चंदेली का कहना है कि ट्रांसपोर्ट नगर की राशि का प्रस्ताव आने पर निगम सबसे पहले इतनी राशि 1.60 करोड़ रुपए राजस्व विभाग को देगा। इसके बाद जमीन हासिल होगी। फिर नगर एवं ग्राम निवेश विभाग से आवश्यक अनुमतियां ली जाएगी। इसके बाद जमीन के प्लॉट के टेंडर किए जाएंगे। इसके उपरांत आगे का विकास संभव हो पाएगा।
…..
अब तक…एक साल से जमीन के लिए लटका नगर

ग्राम सारसवाड़ा में प्रस्तावित ट्रांसपोर्ट नगर का मामला जमीन आवंटन में एक साल से लटक गया है। नगर निगम की मेयर-इन-कौंसिंल ने 20 हैक्टेयर में ट्रांसपोर्ट नगर के प्रस्ताव को मंजूरी दी थी। भूमि मूल्य 20.63 करोड़ रुपए पर 30 लाख रुपए राजस्व विभाग में जमा हो गए। शेष राशि न देने पर जमीन आवंटन नहीं हो पाया है।
….