गौतमबुद्ध नगर की नोएडा पुलिस ने कॉलेज के छात्रों को एप के माध्यम से ऑनलाइन गांजे सप्लाई करने वाले गैंग का खुलासा किया है। ये गैंग नामी ई-कॉमर्स कंपनी के नाम से बने लिफाफे में युवाओं को गांजे की सप्लाई करता था। पुलिस ने गैंग के एक सदस्य को गिरफ्तार कर लिया है।
गौतमबुद्ध नगर जिले में मादक पदार्थों की तस्करी करने वालों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत कोतवाली फेज-2 पुलिस ने एक युवक गिरफ्तार किया है। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने खुलासा करते हुए बताया है कि ये गैंग एप के माध्यम से ऑनलाइन गांजे सप्लाई नामी ई-कॉमर्स कंपनी के नाम से बने लिफाफे में युवाओं को करता था। आरोपी के कब्जे से पुलिस ने 1.3 किलोग्राम गांजा, ई-कॉमर्स कंपनी के लिफाफे और प्लास्टिक की पॉलीथिन के साथ ऑनलाइन गांजे की डिलीवरी में इस्तेमाल की जा रही एक बाइक बरामद की है। पुलिस अब आरोपी के साथी को तलाश कर रही है, ऑनलाइन गांजे का ऑर्डर लेने में मदद करता था। पुलिस गिरफ्त में आए आरोपी का नाम बांके बिहारी दीक्षित है।
एडिशनल डीसीपी साद मियां ने बताया कोतवाली फेज-2 पुलिस को इस बात के इनपुट मिले थे कि एक ऐसा गिरोह सक्रिय है, जो युवाओं को गांजे की ऑनलाइन सप्लाई कर रहा है। पुलिस ने इनपुट के आधार पर फेज दो स्थित टाटा कट के पास से ऑन डिमांड गांजा डिलीवरी देने पहुंचे बांके बिहारी दीक्षित को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी से एक किलो से ज्यादा गांजा बरामद हुआ है। पूछ्ताछ के दौरान आरोपी ने बताया कि वह अपने साथी के साथ मिलकर एक ऐप के माध्यम से ऑनलाइन गांजे की तस्करी करता था। उसका साथी मोबाइल पर ऑनलाइन गांजे का ऑर्डर लेता था। फिर वह ग्राहक की लोकेशन लेकर उसे गांजे की सप्लाई करता था।
नामी कॉलेज के छात्रों को लगा रहे थे नशे की लत
एडिशनल डीसीपी ने बताया कि पूछताछ में आरोपी ने यह भी बताया कि वह नोएडा, दिल्ली और ग्रेटर नोएडा के नामी कॉलेजों के छात्रों को गांजे की सप्लाई करता था। पुलिस से बचने के लिए वे डिलीवरी पैकेट में भरकर गांजे को बेचते थे। वह नामी ई-कॉमर्स कंपनी के नाम से लिफाफे बनाते थे। इसके बाद इनमें मांग के अनुसार गांजे को भरते थे। कंपनी का नाम होने की वजह से पुलिस भी आरोपियों पर शक नहीं करती थी। इससे वह आसानी से ग्राहक तक डिलीवरी पहुंचा देते थे।
कहां-कहां करते थे सप्लाई
पुलिस ने आरोपी से ई-कॉमर्स कंपनी के पांच लिफाफे और पांच कूरियर करने की प्लास्टिक की थैली, 1.3 किलो गांजा और ऑनलाइन गांजे की डिलीवरी में प्रयुक्त एक मोबाइल और बाइक बरामद की है। पुलिस अभी इनके और साथियों के बारे में छानबीन कर रही है। यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि ये कहां-कहां सप्लाई देते थे।