
woman sports
इस पर पाठकों की मिश्रित प्रतिक्रियाएं मिली हैं। प्रस्तुत हैं पाठकों के कुछ प्रमुख विचार।
मुख्यधारा में लाना होगा
खेलो में महिलाओं को आगे लाने के लिए उन्हे सामाजिक रूढ़िवादिता से ऊपर उठकर उन्हे समाज की मुख्यधारा में लाना होगा। उन्हे अच्छे संसाधनों के साथ समर्पित राजनीतिक सहयोग मिलना चाहिए। - विनायक गोयल, रतलाम, मध्यप्रदेश
खेल केवल पुरुषों के लिए नहीं
समाज में यह धारणा बदलनी होगी कि खेल केवल पुरुषों के लिए हैं। महिलाओं की खेल उपलब्धियों को प्रचारित किया जाए ताकि वे रोल मॉडल बन सकें। परिवारों को प्रोत्साहित किया जाए कि वे लड़कियों को खेलों में भाग लेने दें। - जूठाराम देवासी, सिरोही
परिवार को भूमिका निभानी होगी
निश्चित ही खेलों में महिलाओं ने पिछले कुछ वर्षों में देश का नाम रोशन किया है, लेकिन आज भी महिलाओं की खेल प्रतिभाएं परिवार व समाज के कारण शून्य रह जाती है। परिवार व समाज को महिलाओं के साथ आना होगा। उन्हें आगे बढ़ाने के लिए सरकार को पुरुषों की खेल स्पर्धा के तुल्य महिला खेलों के सभी क्षेत्र में बजट व वेतन का प्रावधान करने के साथ ही उनकी सुरक्षा को मजबूत करना होगा, जिससे कि वह उनको स्वतंत्र महसूस कर सके ऐसा होने पर महिलाएं अपने आप आगे आ जाएंगी । सूरज भील, झालावाड़
सुरक्षित माहौल उपलब्ध कराया जाए
खेलों में महिलाओं को आगे बढ़ाने के लिए अकादमी स्तर पर बेहतर खेल सुविधाएं एवं सुरक्षित माहौल उपलब्ध करवाना होगा। साथ ही अधिकाधिक महिला खेल प्रतिस्पर्धाओं का समयबद्ध आयोजन सुनिश्चित करना होगा। सरकारी नौकरियों में महिला खिलाड़ियों के लिए पद आरक्षित कर भी महिलाओं को खेलों में आगे बढ़ाया जा सकता है। - सर्वजीत अरोड़ा, जयपुर
प्रतिभावान महिला खिलाड़ियों को मौका दें
खेलों में महिलाओं को आगे बढ़ाने के लिए सरकार को उनकी पूरी सुरक्षा की जानी चाहिए और खेलों के लिए, जो सुविधाएं और सामग्री की आवश्यकता हो वह समय पर उपलब्ध कराई जाए। खेलों में चयन के लिए राजनीति न कर प्रतिभावान महिला खिलाड़ियों को निष्पक्ष मौका दिया जाए। - कैलाश चन्द्र मोदी, सादुलपुर।
आत्मविश्वास बढ़ाएं
खेलों के प्रति महिलाओं में आत्मविश्वास विकसित किया जाना चाहिए। खेलों में महिलाओं को आगे बढ़ाने के लिए उनके भीतर छिपी प्रतिभा को उजागर करना होगा। भारत में महिला शक्ति को जब-जब भी अवसर मिले, उन्होंने देश का नाम रोशन किया है। खेलों में महिलाओं की भागीदारी के लिए अधिक अवसर व सुविधाएं दी जानी चाहिए। महिलाओं को खेलों के लाभों के बारे में शुरू से ही जागरूक किया जाना चाहिए। खेलों और खेल प्रबंधन में महिलाओं को बढ़ावा देना समाज में एक सशक्त वातावरण बनाने के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इससे महिलाओं को उनकी भलाई के लिए महत्वपूर्ण खेल आकांक्षाओं को पूरा करने का अवसर मिल सकेगा। हर महिला प्रतिभावान है। बस अवसर चाहिए। - डॉ. राजेन्द्र कुमावत, जयपुर
खेल विद्यालयों की स्थापना हो
खेलों में महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए खेल विद्यालयों की स्थापना करनी होगी एवं महिलाओं को विश्व स्तरीय कोचिंग सुविधाएं उपलब्ध करवानी होगी और खेल छात्रवृति प्रदान करनी होगी तभी भारत की महिलाएं ओलम्पिक्स जैसे विश्व स्तरीय खेलों में चीन व अमरीका का मुकाबला कर पाएंगी। - शुभम वैष्णव, सवाई माधोपुर, राजस्थान
Published on:
04 Feb 2025 06:21 pm
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