death feast : मुख्यमंत्री साहब मैंने मृत्युभोज की शिकायत की तो पंचों ने मुझे समाज से बाहर कर दिया। अब कहां जाऊं आप ही बता दो। पुलिस ने पंचों के खिलाफ अब तक कोई कार्रवाई नहीं की। यह कहना था रोहट थाना क्षेत्र के गरवलिया गांव के भंवरलाल मेघवाल का। पाली सर्किट हाउस में जनसुनवाई के दौरान मेघवाल का दर्द यों छलक गया। पीडित ने मुख्यमंत्री से इस मामले में राहत दिलाने की मांग की। इसी तरह, दिव्यांग हीरालाल ने कहा कि उसे 4 महीने से मानदेय नहीं मिला है। वह संविदा पर काम कर रहा है। जोधपुर की निकिता ने उसकी जमीन बदमाशों से छुड़ाने की मांग की। सर्किट हाउस में करीब डेढ़ घंटे तक चली जनसुनवाई में बड़ी तादाद में पीडि़त मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से मिले और न्याय दिलाने की मांग उठाई। मुख्यमंत्री ने पीडि़तों को कार्रवाई के लिए आश्वस्त किया और अधिकारियों को निर्देश दिए।
जनसुनवाई में उमडी भीड़, सीएम ने सबकी सुनी
जनसुनवाई में काफी भीड़ रही। कई लोग ज्ञापन देने आए तो कई स्वागत करने भी पहुंच गए। कई संगठनों ने पाली को सौगातें देने के लिए मुख्यमंत्री का आभार जताया। जनसुनवाई के दौरान पांडाल में व्यवस्था की गई। यहां मुख्यमंत्री ने पीडि़तों से मिलने के लिए चार राउंड किए। जिला कलक्टर नमित मेहता समेत अधिकारी साथ रहे।