पाली

जयंती विशेष : जैताजी राठौड़ ने मातृभूमि की रक्षा के लिए गिरी-सुमेल युद्ध में दिया था बलिदान

जयंती विशेष 

2 min read
Aug 23, 2017
वीर शिरोमणि जैता जी राठौड़

गेस्ट राइटर

-महेन्द्रसिंह जैतावत (लेखक जैताजी राठौड़ के वंशज और इतिहास के जानकार है।)

पाली. गिरी-सुमेल युद्ध विश्व में अनूठा उदाहरण है। एक एेसा युद्ध जो बिना राजा के नेतृत्व उनके सेनापतियों द्वारा जनता की रक्षार्थ लड़ा गया था। शेरशाह की विशाल सेना के सामने महज कुछ हजार सैनिकों ने अदम्य साहस और वीरता का परिचय देते हुए मातृभूमि के लिए अपना जीवन बलिदान कर दिया था। युद्ध भले ही शेरशाह जीत गया हो, लेकिन उसे यह कहने के लिए मजबूर कर दिया गया था कि 'एक मुट्ठी भर बाजरे के लिए मै हिन्दुस्तान की सल्तनत खो बैठता'। यदि शेरशाह झूठ और कपट का सहारा नहीं लेता और राव मालदेव युद्ध भूमि नहीं छोड़ते तो इतिहास कुछ और ही होता। एेसे ही एेतिहासिक गिरी-सुमेल युद्ध के नायक थे राव जैताजी-कूंपाजी राठौड़। इतिहास में इनका नाम स्वर्ण अक्षरों में अंकित है।

पंचायण (अखेराज) के पुत्र जैता राठौड़ की वीरता के उदाहरण सिर्फ गिरी-सुमेल युद्ध तक ही सीमित नहीं है। उन्होंने मारवाड़ और मेवाड़ में कई लड़ाइयां लड़ते हुए अपनी वीरता और साहस का परिचय दिया। दोनों वीरों के इसी साहस का बड़ा उदाहरण है गिरी-सुमेल युद्ध। वर्ष 1544 में अफगान शेरशाह सूरी मारवाड़ पर आक्रमण करने आगरा से रवाना हुआ तो इसकी जानकारी जैताजी-कूंपाजी को मिली। उन्होंने मारवाड़ के तत्कालीन शासक राव मालदेव को इसकी जानकारी दी और शेरशाह का मुकाबला करने सामने रवाना हो गए।

राव मालदेव और सेनापति जैता-कूंपा अपनी सेना के साथ जैतारण के निकट सुमेल नामक स्थान पर पहुंच गए। करीब एक महीने तक यहां शेरशाह सूरी की सेना रुकी रही, लेकिन मारवाड़ के वीरों पर हमला करने का साहस नहीं जुटा पाए। राठौड़ वीरों की कहानियां सुनकर शेरशाह हताश हो गया। अंत में शेरशाह धोखा करने में सफल रहा। उसने मालदेव की सेना में अफवाह फैला दी। इससे मालदेव युद्ध भूमि छोड़कर लौट गए। मारवाड़ की जनता की रक्षार्थ मालदेव की सेना के सेनापति जैताजी-कूंपाजी ने राजा के बिना ही शेरशाह की विशाल सेना से युद्ध करने का निर्णय लिया। करीब 12 हजार राजपूत सैनिक अफगान सेना पर टूट पड़े। इस युद्ध में हजारों राजपूत सैनिकों के साथ वीर जैता-कूंपा भी लड़ते हुए शहीद हो गए।

Updated on:
23 Aug 2017 09:42 pm
Published on:
23 Aug 2017 07:38 pm
Also Read
View All

अगली खबर