
दिलीप जायसवाल। फोटो- बिहार बीजेपी सोशल साइट
Bihar Politics बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल के मंत्री बनने के बाद, यह सवाल उठ रहा है कि पार्टी का अगला प्रदेश अध्यक्ष कौन होगा। इस विषय पर कई तरह की चर्चा शुरू हो गई है, विशेषकर बीजेपी के “एक व्यक्ति, एक पद” नियम के कारण। हालांकि, पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा का कार्यकाल भी समाप्त हो गया है; वे राष्ट्रीय अध्यक्ष के साथ-साथ अभी भी केंद्रीय मंत्री के पद पर हैं।
बीजेपी सूत्रों के अनुसार, चार नामों पर अभी चर्चा चल रही है। उनमें से एक पूर्व सीएम जगन्नाथ मिश्रा के बेटे नीतीश मिश्रा का है। नीतीश को वर्तमान सरकार में मंत्री पद नहीं मिला है, इसलिए उनके नाम की चर्चा हो रही है। नीतीश कैबिनेट के 26 मंत्रियों में मंगल पांडेय ब्राह्मण समुदाय से इकलौते मंत्री हैं। नीतीश मिश्रा, जो जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) से पहली बार मंत्री बने थे, 2015 में भाजपा में शामिल हुए थे। पिछली सरकार में वे उद्योग मंत्री रहे थे, और वह विभाग अब दिलीप जायसवाल को दिया गया है।
मिथिला की 37 सीटों में से 31 सीटें एनडीए के पास आई हैं। दरभंगा‑मधुबनी की 20 में से 19 सीटों पर महागठबंधन को करारी हार मिली है। महागठबंधन ने जो 6 सीटें जीती हैं, उनमें समस्तीपुर की 3 और बेगूसराय की 2 सीटें शामिल हैं।
दलित कोटा से जनक राम का नाम भी चर्चा में है। नीतीश की पिछली कैबिनेट में वे मंत्री थे, पर इस बार के मंत्रिमंडल में उन्हें जगह नहीं मिली। वर्तमान कैबिनेट में पाँच दलित मंत्री हैं। भाजपा से केवल लखेंद्र रौशन, जेडीयू कोटे से अशोक चौधरी और सुनील कुमार, लोजपा से संजय पासवान, तथा हम से संतोष सुमन मांझी। जनक राम, जो पीएम नरेंद्र मोदी से प्रभावित होकर 2013 में बसपा छोड़कर भाजपा में शामिल हुए थे, 2014 में गोपालगंज से भाजपा सांसद बने। 2019 में सीट जेडीयू को जाने के बाद उन्हें एमएलसी बनाया गया और नीतीश सरकार में दो बार मंत्री रहे। चर्चा है कि उन्हें इसलिए हटाया गया क्योंकि भाजपा अगला प्रदेश अध्यक्ष दलित वर्ग से बनाना चाहती है।
बीजेपी के अगले प्रदेश अध्यक्ष के रूप में पटना जिले की दीघा सीट से लगातार तीसरी बार विधायक बने संजीव चौरसिया का नाम भी चर्चा में है। संजीव चौरसिया का परिवार संघ से जुड़ा रहा है; उनके पिता जनसंघ के समय से ही भाजपा के साथ हैं। इस बार संघ और पार्टी में उनके मंत्री बनने की चर्चा थी, लेकिन अब जब उनका नंबर सरकार में नहीं आया है, तो यह कहा जा रहा है कि उनका नंबर संगठन में लगने वाला है।
बिहार बीजेपी अध्यक्ष पद के लिए भूमिहार जाति से नवादा के लोकसभा सांसद विवेक ठाकुर के नाम पर भी चर्चा चल रही है। विवेक ठाकुर, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ. सी.पी. ठाकुर के बेटे हैं। नीतीश कुमार की नई कैबिनेट में भूमिहार कोटा से दो भूमिहार को मंत्री बनाया गया है। भाजपा से विजय कुमार सिन्हा और जेडीयू से विजय कुमार चौधरी। एनडीए के 202 विधायकों में भूमिहार जाति के 22 विधायक चुने गये हैं। इसको लेकर चर्चा था कि नीतीश कैबिनेट में कम से कम 3‑4 भूमिहार मंत्री बनाये जा सकते हैं।
Updated on:
23 Nov 2025 10:18 pm
Published on:
23 Nov 2025 10:05 pm
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