
पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने ममता सरकार को लेकर बड़ा दावा किया है। उन्होंने एक जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि अगले तीन महिने में ममता बनर्जी की सरकार गिरने वाली है। इसके साथ ही भाजपा लोकसभा चुनाव में प्रदेश की 36 सीटें जीतने जा रही है। वहीं, भाजपा नेता के बयान पर TMC के प्रवक्ता ने पलटवार किया है। पार्टी प्रवक्ता कुणाल घोष ने कहा कि BJP नेता हताश होकर ऐसी टिप्पणियां कर रहे हैं।
तीन महीने बाद नहीं रहेगी ममता सरकार-सुवेंदु
दरअसल, भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी मुख्यमंत्री बनर्जी के बयान पर पलटवार कर रहे थे। ममता बनर्जी ने दो दिन पहले दावा किया था कि केंद्र में बीजेपी कार्यकाल का केवल छह महीने बचा है क्योंकि लोकसभा चुनाव अगले साल फरवरी-मार्च में होंगे। इस पर सुवेंदु अधिकारी ने पूर्व मेदिनीपुर जिले में एक रैली को संबोधित करते हुए कहा कि लोगों का सरकार से भरोसा उठ गया है। मेरी बात लिख लीजिए, तीन महीने बाद टीएमसी सरकार नहीं रहेगी। पिछली बार भाजपा ने राज्य में 18 लोकसभा सीटें जीती थी। इस बार, हम कम से कम 36 सीटें जीतेंगे।
लोगों को ममता सरकार पर भरोसा नहीं
जनसभा में लोगों को संबोधित करते हुए सुवेंदु ने कहा कि प्रदेश के लोगों को अब ममता बनर्जी पर भरोसा नहीं रह गया है। वह (ममता बनर्जी) कहती है कि यह सेमीफाइनल है, मैं कहता हूं कि यह क्वार्टर फाइनल है। जब तक मैं तृणमूल में था, मैं उनका प्रचारक था। अब क्या होगा! इस बार हम तीन महीने में आपको अलविदा कह देंगे। वहीं, उन्होंने दावा किया कि इस बार लोकसभा चुनाव में बीजेपी राज्य में 18 से 36 सीटें जीतेगी।
TMC ने किया पलटवार
सुवेंदु अधिकारी के बयान पर पलटवार करते हुए पार्टी प्रवक्ता कुणाल घोष ने कहा कि BJP नेता हताश होकर ऐसी टिप्पणियां कर रहे हैं। पहले अधिकारी के उस दावे पर सवाल करना चाहिए कि राज्य सरकार दिसंबर 2022 तक गिर जाएगी। अब, वह फिर तीन महीने की समय सीमा दे रहे हैं। हम लोगों को उनकी टिप्पणियां गंभीरता से नहीं लेने की सलाह देंगे क्योंकि वह हताश होकर बोल रहे हैं।
क्या बंगाल में होगा महाराष्ट्र 2.0
भले ही भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी ये दावा कर रहे हो कि बंगाल में 3 महीने में ममता सरकार गिर जाएगी। लेकिन ये सच होता नहीं दिखाई दे रहा है। क्योंकि 295 विधायकों वाले राज्य में TMC के पास 214 विधायक है। वहीं, भाजपा के पास सिर्फ 76 विधायक है। वहीं, सरकार बनाने के लिए 148 विधायकों की जरूरत होती है। जो कि भाजपा के विधायकों की संख्या के करीब दोगुने है। इसलिए ये कहना कि भाजपा ने जिस तरह से महाराष्ट्र में सत्ता परिवर्तन कर दिया वैसा कुछ बंगाल में कर दे मुश्किल है।
Published on:
29 Jun 2023 12:34 pm
बड़ी खबरें
View Allराजनीति
ट्रेंडिंग
