
Bihar Election: First phase have 31% candidates with criminal cases
पटना। आज भी देश में होने वाले तमाम चुनावों में आपराधिक पृष्ठभूमि वाले उम्मीदवारों ( Candidates with Criminal Cases ) को खड़ा करने में राजनीतिक दलों को कोई हिचक नहीं होती है। आलम यह है कि बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के पहले चरण में इलेक्शन लड़ने वाले 1064 में से 31 फीसदी यानी 328 उम्मीदवारों के खिलाफ आपराधिक मामलों दर्ज हैं। बिहार में आपराधिक छवि वाले सर्वाधिक प्रत्याशियों की संख्या लालू यादव की राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) में हैं। जबकि भारतीय जनता पार्टी का दूसरा नंबर है। यह खुलासा चुनावों पर नजर रखने वाले एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (ADR) की रिपोर्ट में हुआ है।
एडीआर की रिपोर्ट के मुताबिक बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण के लिए उम्मीदवारों द्वारा दायर चुनावी हलफनामों के विश्लेषण में पाया गया है कि 31 फीसदी उम्मीदवारों ने पूर्व में दर्ज अपने आपराधिक मामलों की घोषणा की है। रिपोर्ट में मौजूदा चुनावों के पहले चरण में खड़े कुल 1,066 उम्मीदवारों में से 1,064 का विश्लेषण किया गया। इसमें 328 ने लंबित आपराधिक मामलों की घोषणा की है।
पहले चरण के कुल उम्मीदवारों में से राष्ट्रीय जनता दल और भारतीय जनता पार्टी के पास आपराधिक मामलों वाले प्रत्याशियों की संख्या 73 और 72 फीसदी है। सभी उम्मीदवारों के विश्लेषण में 23 फीसदी ने बलात्कार, हत्या, हमला और अपहरण सहित खुद के खिलाफ गंभीर आपराधिक मामले घोषित किए हैं।
एडीआर की रिपोर्ट में बताया गया है कि राजनीतिक दलों के लिए सुप्रीम कोर्ट के निर्देश कि उम्मीदवारों के आपराधिक इतिहास को प्रकाशित करने और इस बारे में स्पष्टीकरण प्रदान करने के लिए कि उन्होंने इन उम्मीदवारों को क्यों चुना, पार्टियों द्वारा उम्मीदवारों का चयन करने पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा। रिपोर्ट में कहा गया है, "बिहार के पहले चरण के चुनावों में सभी प्रमुख पार्टियों ने अपने खिलाफ आपराधिक मामलों की घोषणा करने वाले 31 से 70 फीसदी उम्मीदवारों को टिकट दिए हैं।"
करोड़पति उम्मीदवार
वहीं, उम्मीदवारों की वित्तीय घोषणा से पता चला कि 9 फीसदी के पास 5 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति है। जबकि 12 फीसदी के पास 2 से 5 करोड़ के बीच और 28 फीसदी के पास 50 लाख से 2 करोड़ रुपये तक की संपत्ति है। 1,064 उम्मीदवारों में से 35 फीसदी के पास 1 करोड़ से अधिक की संपत्ति है। राजद के पास करोड़पति उम्मीदवारों की संख्या सबसे अधिक है। पार्टी के 95 फीसदी उम्मीदवारों की संपत्ति 1 करोड़ से अधिक है।
शिक्षा
अगर बात करें शिक्षित प्रत्याशियों की तो 43 प्रतिशत उम्मीदवारों ने अपनी शैक्षिक योग्यता कक्षा 5 और कक्षा 12 के बीच घोषित की है। जबकि 49 फीसदी स्नातक या उससे ऊपर की डिग्री हासिल कर चुके हैं। वहीं, कुल उम्मीदवारों में से 11 फीसदी संख्या महिलाओं की हैं।
Updated on:
25 Oct 2020 03:27 pm
Published on:
25 Oct 2020 03:04 pm
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