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चुनाव से पहले बढ़ी ‘दीपक’ की लौ, छत्तीसगढ़ के अब तक के पहले युवा कांग्रेस अध्यक्ष बने, जानिए राजनीतिक सफर

Jagdalpur Political News : प्रदेश कांग्रेस कमेटी की कमान एक बार फिर बस्तर के आदिवासी नेता को सौंप दी गई है।

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प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज

Jagdalpur Political News : प्रदेश कांग्रेस कमेटी की कमान एक बार फिर बस्तर के आदिवासी नेता को सौंप दी गई है। मोहन मरकाम के बाद अब दीपक बैज पीसीसी की जिम्मेदारी संभालने जा रहे है। बैज के नाम की घोषणा बुधवार रात 9 बजे के करीब हुई और इसके तत्काल बाद मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बैज को ट्िवटर पर अपनी शुभाकामनाएं दी। सीएम ने निवर्तमान अध्यक्ष मोहन मरकाम के सफल कार्यकाल के लिए आभार भी माना।

CG Political News : पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव केसी वेणुगोपाल ने बैज के नाम का ऐलान किया। ऐन चुनाव से पहले कांग्रेस ने ट्राइबल कार्ड को छेड़े बगैर दीपक को अध्यक्ष बनाने का फैसला किया। दीपक बैज छत्तीसगढ़ के अब तक के सबसे युवा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बन गए हैं। वे अभी 41 वर्ष के हैं और पाटी ने उन्हें यह अहम जिम्मेदारी सौंपी है। इस नियुक्ति के साथ पार्टी ने आदिवासियों के साथ ही युवाओं को भी साधने की कोशिश की है। चुनाव में अभी लगभग 5 महीने का वक्त बचा हुआ है और इससे पहले इस नियुक्ति को कांग्रेस के नजरिए से बेहद खास माना जा रहा है।

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CG Politics News : हालांकि दीपक की नियुक्ति की तस्वीर उसी वक्त साफ होनी शुरू हो गई थी जब वे दिल्ली दरबार के करीब दिखने शुरू हुए थे। लगभग दो महीने पहले उन्होंने दिल्ली में पीसीसी प्रभारी कुमारी शैलजा से भी मुलाकात की थी और माना जा रहा था कि इसके बाद ही दीपक की नियुक्ति की कवायद दिल्ली से शुरू हुई, लेकिन दीपक के नाम को लेकर रायपुर में स्वीकायर्ता की स्थिति नहीं बन पा रही थी। यही वजह थी कि अप्रैल में अचानक दिल्ली बुलाए जाने और शैलजा से मुलाकात के बाद भी बैज का नाम फाइनल नहीं हो पा रहा था। कांग्रेस के सूत्र बताते हैं कि रायपुर के कुछ बड़े नेता दीपक को कमान सौंपे जाने के पक्ष में नहीं थे वे बस्तर को छोड़ रायपुर या फिर किसी दूसरे इलाके से अध्यक्ष चाहते थे। नेताओं को मनाने में दो महीने का वक्त लगा और आखिरकार चुनाव से पहले कांग्रेस संगठन में दीपक की जगमगाहट बढ़ गई है।

सत्ता-संगठन के बीच नहीं बना पाए तालमेल : मोहन मरकाम को पार्टी ने प्रदेश अध्यक्ष बनाया था। इसके बाद से उनके तेवर नरम -गरम होते रहे। उन्होंने अपनी सरकार पर भ्रष्टाचार का आरोप लगा डाला। दरअसल कोण्डागांव आरईएस के अफसर और युवक कांग्रेस अध्यक्ष आकाश शर्मा के पिता के साथ भी अनबन की खबर सामने आती रही। इस सब की रिपोर्ट आलाकमान तक पहुंचती रही।

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मरकाम को हटाने के बाद अब डैमेज कंट्रोल की कवायद भी शुरू

कांग्रेस में अंदरखाने इस बात की चर्चा जोरों पर है कि मोहन मरकाम को हटाए जाने के बाद अब उन्हें पार्टी उन्हें कोई दूसरा बड़ा पद देकर उपकृत करने जा रही है। (politics news) मरकाम की पिछले सालभर से जो नाराजगी सामने आई है उसे भी मैनेज करने की कोशिश है। चुनाव से पांच महीने पहले मरकाम की सत्ता में एंट्री की संभावना प्रबल होती दिख रही है। इस बीच कैबिनेट के 12 मंत्रियों के काम-काम की भी आलाकमान समीक्षा कर रहा है। एक-दो मंत्रियों की छुट्टी भी चुनाव से पहले तय मानी जा रही है।

ऐलान के वक्त रायपुर में ही थे दीपक बैज, तत्काल दिल्ली बुलाया

जिस वक्त दीपक बैज के नाम का ऐलान हुआ उस वक्त वे रायपुर में ही थे। उन्हें आलाकमान ने तत्काल दिल्ली आने के लिए कहा और रात साढ़े नौ बजे की फ्लाइट लेकर वे दिल्ली पहुंचे। (cg political news) देर रात तक उनकी प्रदेश कांग्रेस प्रभारी कुमारी शैलजा समेत अन्य आला नेताओं के साथ बैठक चलती रही। अब बताया जा रहा है कि वे गुरुवार शाम तक रायपुर पहुंचेंगे और इसके बाद शुक्रवार को बस्तर आ सकते हैं शुक्रवार को दीपक का जन्मदिन है और उनके समर्थकों ने इसे लेकर भी बड़ी तैयारी कर रखी है।

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दीपक बैज का जन्म लोहांडीगुड़ा ब्लॉक के गढिय़ा गांव स्व. बीआर बैज और लक्ष्मी बाई बैज के घर 14 जुलाई 1981 को हुआ। छात्र राजनीति से शुरुआत करने वाले दीपक ने महज 15 साल में ही यह बड़ा पद हासिल किया है। (cg politics) 2008 में पहली बार उन्हें संगठन में पद मिला और वे एनएयूआई के बस्तर जिला अध्यक्ष बने। इसके बाद 2009 में युवा कांग्रेस के महासचिव की जिम्मेदारी मिली। इस बीच 2009 से 2014 तक वे लोहांडीगुड़ा ब्लॉक कांग्रेस के कार्यकारी और पूर्णकालिक अध्यक्ष भी रहे। (jagdalpur politics news) पहली बार उन्हें 2013 में चित्रकोट विधानसभा से टिकट मिली। जिसमें उन्होंने जीत हासिल कर विधायकी हासिल की।

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CG Politics News : 2018 में वे दोबारा इसी सीट से विधायक बने और फिर से उन्होंने 17000 वोटों से जीत हासिल की। उनकी लोकप्रियता को देखते हुए 2019 में बस्तर लोकसभा से कांग्रेस का प्रत्याशी बनाया गया था। (cg political news) मोदी लहर के बावजूद भी दीपक बैज ने लोकसभा चुनाव 38 हजार 982 वोटों से जीता। दीपक डबल एमए हैं। उन्होंने राजनीति शास्त्र के साथ ही अर्थशास्त्र में एमए किया है। बैज के पास वकालत की भी डिग्री है। (cg politics) दीपक बैज की पत्नी पुनम बैज पेशे से सरकारी स्कूल में शिक्षिका हैं और उनकी दो बेटियां और एक बेटा है।