15 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

agriculture-कांठल में परम्परागत के साथ तकनीक का जुगाड़

बुवाई के बाद अंकुरित फसलों में खरपतवार हटाने में जुटे किसान

2 min read
Google source verification
Pratapgarh

pratapgarh


खेतों में व्यस्त हुए भूमिपुत्र
प्रतापगढ़
इस वर्ष मानसून से पूर्व जिले में अच्छी बारिश के बाद किसानों ने खेतों में बुवाई कर दी है। वहीं अब किसान अपने खेतों में खरपतवार हटाने में जुटे हुए है। किसानों ने इस वर्ष खेतों में मक्का की बुवाई लक्ष्य के मुकाबले अधिक की है। वहीं दूसरी ओर जिन खेतों में सोयाबीन की फसल बढ़वार पर है। वहां आवश्यक होने पर रसायनों का छिडक़ाव किया जा रहा है। गौरतलब है कि जिले में मानसून पूर्व ही जिले में बारिश हो रही है। जिससे पहली तेज बारिश के बाद ही किसानों ने बुवाई शुरू कर दी थी। अभी फसलें अंकुरित हो चुकी है। कई खेतों में खरपतवार अधिक हो रही है। ऐसे में किसान यहां से खरपतवार हटाने में जुटे हुए है।
जुगाड़ से हटा रहे खरपतवार
छोटीसादड़ी
क्षेत्र में सोयाबीन की फसल में कई किसान खरपतवार हटाने में जुटे हुए है। क्षेत्र के गोठडा गांव में छोटे ट्रेक्टर के माध्यम से 7 खुरपों से खरपतवार हटाया जा रहा है। इसके लिए किसान ने टैक्टर के पहिए बदलकर पतले पहिए लगाए है। वहीं पीछे सात कुलपे लगाए है। जिससे सात लोग इसे थाते रहते है।
सालमगढ़ बारिश की कामना, किया हवन
सालमगढ़
क्षेत्र में अच्छी बारिश की कामना को लेकर ग्रामीणों द्वारा खेड़ा देव पूजन किया गया और उज्जैनी मनाई। जिसको लेकर पूरे कस्बे में व्यवसायिक प्रतिष्ठान बंद रखे गए। लोगों ने अपने खेत-खलिहान में जाकर भोजन बनाया। इंद्रदेव को भोग लगया गया। कस्बे के प्रमुख हनुमान मंदिर पर अच्छी बारिश की कामना को लेकर यज्ञ का आयोजन किया गया। दोपहर बाद बाजार खुलने लगा।
बैलों से चला रहे कुलपा
मेरियाखेड़ी
क्षेत्र में सोयाबीन की फसल में खरपतवार हटाने का कार्य शुरू कर दिया है। यहां आदिवासी इलाके में पारम्परिक तरीके से बैलों से कुलपा लगा रहे है।
मोखमपुरा
यहां इलाके में सोमवार रात को बारिश के बाद खेतों में पानी भरा है। ऐसे में अब किसानों को बुवाई का इंतजार करना पड़ रहा है।
---