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Rajasthan News: देवदूत बना शिक्षक, पानी में डूबने से अचेत हुई मासूम की बचा ली जान

Pratapgarh News : प्रतापगढ़ में एक शिक्षक ने देवदूत बनकर बच्ची की जान बचाई।

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प्रतापगढ़. सालमगढ़ कस्बे के निकट रायपुर से दीवाला के बीच बुधवार को रोड के किनारे पानी में डूबने के बाद बाहर निकाली गई एक अचेत बालिका की शिक्षक ने जान बचाई। इसके बाद उसे जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया। जहां फिलहाल बालिका की हालत में सुधार है। वहीं बालिका ने वीडियो कॉल कर शिक्षक से बात भी की।

प्रतापगढ़ के सालमगढ़ निवासी स्वास्थ्य शिक्षक लक्ष्मी नारायण उर्फ संदीप वसीठा प्रतिदिन की तरह सालमगढ़ से पिपलोदा अध्यापन कराने जा रहे थे। जहां दीवाला के पास रोड के किनारे कुछ लोग एकत्रित हो रहे थे। इस पर शिक्षक ने मोटरसाइकिल रोकी। जहां ग्रामीणों ने बताया कि दो बच्चियां पानी में डूब गई थी। इन दोनों को हाल ही में बाहर निकाला है। जिस पर संदीप ने दोनों बालिकाओं को चेक किया, एक बालिका की हालत ज्यादा गंभीर थी, जबकि एक की हालत सामान्य थी। गंभीर हालत वाली बालिका आठ वर्षीय अक्षिता मीणा को संदीप ने सीपीआर दिया। मेडिकल का प्राथमिक उपचार किया, उसके बाद बालिका अचेतावस्था से बाहर आई। उसकी पल्स भी चलने लगी, इस पर तुरंत परिजनों को कहा कि इसे अस्पताल ले जाओ। परिजन तुरंत बालिका को जिला चिकित्सालय ले गए। जहां बालिका की हालत में सुधार है।

वीडिया कॉल पर बालिका ने की शिक्षक से बात

शाम को लड़की के परिजनों ने वीडियो कॉल से शिक्षक संदीप की बात कराई। जिसपर परिजनों और बालिका ने जान बचाने के लिए आभार व्यक्त किया। इस संबंध में यूनाइटेड हेल्थ वर्कर्स वेलफेयर एसोसिएशन रतलाम जिला अध्यक्ष डॉ. लक्ष्मीनारायण ने बताया कि उनकी संस्था पूरे भारत में निशुल्क सीपीआर प्रशिक्षण देती है एवं जागरूक करती है। संस्था के कई पदाधिकारियों ने लोगों को सीपीआर देकर उनकी जान बचाई है। अभी तक संस्था सवा लाख लोगों को सीपीआर प्रशिक्षण दे चुकी है। संस्था की ओर से पुलिस, प्रशासन, फायर ब्रिगेड, कॉलेज, स्कूल आदि में सीपीआर प्रशिक्षण प्राथमिक उपचार प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करते हैं।

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