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सोनिया गांधी की तबियत खराब होने पर राहुल ने संभाला जिम्मा, देखिए रायबरेली दौरे पर LIVE REPORT

जिले की जनता ने अपनी सासंद सोनिया गांधी और अमेठी के सासंद राहुल गांधी के सामने अपनी समस्याओं रखी।

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रायबरेली. कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी और उनकी मां सोनिया गांधी की भुएमऊ गेस्टहाउस में होने की बात जिले में सभी को जब पता चली तो सब खासे उत्साहित दिखे। जिले की जनता ने अपनी सासंद सोनिया गांधी और अमेठी के सासंद राहुल गांधी के सामने अपनी समस्याओं रखी। दोनों ने आम जनता और पार्टी के कार्यकर्ताओं की समस्याओं को बारीकी सुनी और उनको सुलझाने की बात कही, साथ ही आगे भी ऐसी समस्यायें आने पर उनकी पूरी मदद करने का आश्वासन दिया।

भुयेमउ गेस्ट हाउस से निकलकर पहुंची डाकघर-

रायबरेली के मुख्य डाकघर में पहुंच कर यहां उन्होंने पासपोर्ट दफ्तर का किया उद्घाटन। इसके बाद वे पास में ही कलेक्ट्रेट स्थित बचत भवन में गईं और अनुश्रवण समित की बैठक में शामिल हुई। सोनिया गांधी अपने साथ भुयेमउ गेस्ट हाउस से अपनी कार में सदर विधायक अदिति सिंह को भी साथ लेकर आईं। जबकि ज्यादातर नेता गेस्टहाउस में ही मौजूद थे। यहां से थोड़ी ही देर में राहुल गांधी निकलकर सलोन विधानसभा क्षेत्र के टेकारी दांदू में पहुंचे और चैपाल लगाई। यहां पर आई जनता की समस्या सुनी।

सोनिया गांधी की बिगड़ी तबियत-

रायबरेली शहर से करीब चार किलोमीटर दूर स्थित भुएमऊ गेस्ट हाउस में ठहरी थीं। जहां भारतीय जनता पार्टी लिखी कुछ गाड़ियां भी गेस्ट हाउस के बाहर खड़ी थी। इस दौरान सोनिया गांधी की तबियत बिगड़ गई थी जिसके कारण वो लोगों से नहीं मिल सकी, लेकिन यहां राहुल गांधी ने जिम्मा उठाया और आम जनता की समस्यायें सुनी।

सदर विधायक अदिति सिंह की गेट पर रोकी गई गाड़ी-

इस दौरान सदर विधायक अदिति सिंह की गाड़ी भी बाहर रोकी गई। वाहन छोड़कर वे गेस्ट हाउस में पैदल गईं। जिससे उनके समर्थक नाराज हुए। समर्थक ने राहुल और राजीव गांधी का टैटू बनवाया था। गेस्ट हाउस के बाहर खासी भीड़ रही।

सचिव कांग्रेस ने इस्तीफे देने की कही बात-

इसके अलावा राकेश बहादुर सिंह सचिव कांग्रेस को अंदर नहीं जाने दिया जिससे वे नाराज हो गए और बोले की इस्तीफा दे दूंगा। इस पर कांग्रेस की महिला कार्यकर्ताओं ने उन्हें समझाने की कोशिश की और कांग्रेस के खिलाफ न बोलने की नसीहत भी दी।

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