
खरसिया विधानसभा क्षेत्र में पहुंचने पर पूर्व कलेक्टर ओपी चौधरी का जोरदार हुआ स्वागत
रायगढ़. कलेक्टर पद से त्यागपत्र देने के बाद शनिवार को पहली बार ओपी चौधरी खरसिया विधानसभा क्षेत्र पहुंचे इस दौरान भारतीय जनता युवा मोर्चा के साथ भाजपा के पदाधिकारियों वह ग्रामीणों के द्वारा उनका जोरदार स्वागत किया गया स्वागत का यह कार्यक्रम जगह-जगह किया गया।
जांजगीर-चांपा जिले के शक्ति से होते हुए ओपी चौधरी खरसिया विधानसभा क्षेत्र के कोलकाता में प्रवेश किया कोलकाता में सैकड़ों कार्यकर्ता उनके स्वागत के लिए खड़े थे जैसे ही पूर्व कलेक्टर ओपी चौधरी पर पहुंचे कार्यकर्ताओं के द्वारा उनका अभूतपूर्व स्वागत किया गया कोलकाता के बाद सड़क मार्ग से ही होते हुए वह जो भी पहुंचे जहां एक सभा को भी उनके द्वारा संबोधित किया गया सभा को संबोधित करने के दौरान पूर्व कलेक्टर ओपी चौधरी का कहना था कि लोकतंत्र में राजनीतिज्ञ प्रशासन को संचालित करते हैं यदि राजनीति अच्छी हो तो मेरे जैसे सैकड़ों IAS को खड़ा किया जा सकता है
वही यदि राजनीति खराब नहीं तो प्रशासन नहीं चल पाएगा सभा को संबोधन करने के दौरान उन्होंने कहा कि नक्सली क्षेत्र होने की वजह से दंतेवाडा क्षेत्र में कोई कार्य करना नहीं चाहता लेकिन उनके द्वारा वर्ष 2011 में मुख्यमंत्री से यह बात कही गई थी कि उनकी पहली पोस्टिंग दंतेवाड़ा में ही किया जाए इसके पीछे उन्होंने यह कारण बताया कि आदिवासियों के लिए कार्य करना चाहते थे और जब तक वे दंतेवाड़ा क्षेत्र में कलेक्टर के रूप में रहे वह वहां की बेहतरी के लिए प्रयास करते रहे इसकी वजह से आज दंतेवाड़ा क्षेत्र शिक्षा के क्षेत्र में जाना जाता है
वहीं उन्होंने यह भी कहा कि समाज के शोषित पीड़ित इस समस्या को दूर करने के लक्ष्य को लेकर राजनीति में आए हैं। वहीं उन्होंने अपने संबोधन के दौरान आदिवासियों को सीधा और सच्चा बताया। जो भी मैं कार्यक्रम देने के बाद उनका काफिला खरसिया क्षेत्र की ओर बढ़ गया।
साधारण पहनावा और छत्तीसगढ़ी में भाषण
ओपी चौधरी के राजनीति में प्रवेश के बाद जिले के प्रथम आगमन पर वह पूरी तरह से साधारण वेशभूषा में थे भ्रमण के दौरान स्लीपर चप्पल हाफ शर्ट और काले रंग की पेंट पहने हुए थे वही उनके द्वारा जितने भी जगह भाषण दिया गया वह पूरी तरह से छत्तीसगढ़ी में था
Published on:
01 Sept 2018 05:30 pm
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