डीबी पावर के रसूख का असर कुनकुनी में आयोजित सामाजिक समाघात की जनसुनवाई में देखा जा रहा है। आलम यह है कि जिस गांव से रेल लाइन को पार होना है या निर्माण होना है वहां पर गांव की सरकार यानि पंचात को ही हाशिए पर डाल दिया गया है। जबकि सामाजिक समाघात के धारा छह के उप धारा चार और उपधारा पांच को देखा जाए तो पंचायत को विशेष महत्व इस प्रक्रिया के दौरान प्राप्त है।