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दादा की फटकार, घर छोड़ पोता पहुंचा रागयढ़

दादा-दादी की फटकार एक पोते को इस कदर बुरी लगी कि वो झारखंड स्थित अपने घर को छोड़ कर रायगढ़ पहुंच गया। देर रात जब जीआरपी की नजर प्लेटफार्म पर भटक रहे उक्त मासूम पर पड़ी तो मामले का खुलासा हुआ। जीआरपी ने बच्चों से प्रांरभिक पूछताछ के बाद उसे चाइल्ड लाइन को सौंप दिया। जहां उसे बाल कल्याण समिति में पेश करने के बाद स्थानीय बच्चों की संस्था में शिफ्ट किया गया। वहीं उसके परिजनों को संपर्क करने की पहल की जा रही है।

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Piyushkant Chaturvedi

Jan 06, 2017

Grandfather's reprimand, the son left home and cam

Grandfather's reprimand, the son left home and came Ragydh

रायगढ़.
दादा-दादी की फटकार एक पोते को इस कदर बुरी लगी कि वो झारखंड स्थित अपने घर को छोड़ कर रायगढ़ पहुंच गया। देर रात जब जीआरपी की नजर प्लेटफार्म पर भटक रहे उक्त मासूम पर पड़ी तो मामले का खुलासा हुआ। जीआरपी ने बच्चों से प्रांरभिक पूछताछ के बाद उसे चाइल्ड लाइन को सौंप दिया। जहां उसे बाल कल्याण समिति में पेश करने के बाद स्थानीय बच्चों की संस्था में शिफ्ट किया गया। वहीं उसके परिजनों को संपर्क करने की पहल की जा रही है।


रायगढ़ जीआरपी को बुधवार की देर रात एक 12 वर्षीय मासूम प्लेटफार्म नंबर दो पर लावारिस स्थिति में घूमते हुए मिला। काफी देर मासूम की गतिविधियों पर नजर रखने के बाद ऑन ड्यूटी जीआरपी जवान उसके पास गया और पूछताछ की। जिसमें यह बात सामने आई कि उक्त मासूम झारखंड के लोहरदगा जिले का निवासी है। जो अपने दादा-दादी के साथ रहता है।


बुधवार को किसी बात पर दादा-दादी ने उसे फटकार लगाई। यह बात पोते को इस बदर नागवार गुजरी कि मासूम लोहरदगा से ट्रेन बदलते हुए रायगढ़ पहुंच गया। पर शाम ढ़लने के साथ जब उसे ठंड का एहसास हुआ तो उसकी परेशानी बढ़ गई। जीआरपी ने बच्चे को कंबल उपलब्ध कराते हुए अपने पास रखा। वहीं मामले की जानकारी स्थानीय चाइल्ड लाइन को दी। चाइल्ड लाइन की टीम रेलवे स्टेशन पहुंची। जहां जीआरपी व चाइल्ड लाइन की टीम द्वारा मासूम का जिला अस्पताल में मेडिकल जांच कराया गया। उसके बाद चाइल्ड लाइन की टीम ने मासूम को बाल कल्याण समिति में पेश किया। जिसके बाद उसे स्थानीय संस्था में शिफ्ट किया गया। इस बीच मासूम के बताए पते पर उसके परिजनों से सपर्क करने की पहल की जा रही है।


माता-पिता रहते हैं गुजरात में-
जीआरपी व चाइल्ड लाइन की पूछताछ में मासूम ने बताया कि उसके माता-पिता रोजगार को लेकर पिछले कई माह से गुजरात में रहते हैंं। जिसकी वजह से वो अपने दादा-दादी के साथ रहता है। जहां मामूली फटकार के बाद वो घर छोडऩे जैसे बड़ी व नासमझी वाला फैसला कर निकल पड़ा।