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बाइक चोरी की शिकायत दर्ज करने में पुलिस बरत रही कोताही, पीडि़त को किया जा रहा गुमराह, दे रहे उटपटांग जवाब, पढि़ए खबर…

मामला संजय कॉप्लेक्स के करीब से शुक्रवार की देर शाम बाइक चोरी का है। जो सिंधी कॉलोनी में किराए पर रह रहे एमआर शैलेंद्र कुमार मिश्रा से जुड़ा हुआ है।
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बाइक चोरी की शिकायत दर्ज करने में पुलिस बरत रही कोताही, पीडि़त को किया जा रहा गुमराह, दे रहे उटपटांग जवाब, पढि़ए खबर...

रायगढ़. शहर में बाइक चोरी के बढ़ते मामले को देख पुलिस भी शिकायत दर्ज करने से परहेज करती है। मामला कोतवाली थाने का है। जहां बाइक चोरी की शिकायत लेकर जब पीडि़त एमआर पहुंचा तो उसकी शिकायत को नहीं ली गई। वहीं दो दिनों तक खुद खोजने की नसीहत भी दे दी गई। उसके बाद शिकायत दर्ज करने की बात कही गई। पीडि़त ने जब इधर-उधर फोन घुमाया और करीब दो घंटे का समय बीता तो स्टॉफ बदले। उसके बाद पीडि़त की शिकायत को लेकर जांच की कवायद शुरु की गई। जिससे पीडि़त एमआर ने राहत की सांस ली।

पुलिस के आला अधिकारी सोशल पुलिसिंग को लेकर आए दिन कवायद करते हैं। पर उनके अधिनस्थ अधिकारी व कर्मचारी, अपने मनमाने रवैये की वजह से सोशल पुलिसिंग को पतिला लगाते नजर आते हैं। मामला शहर के संजय कॉप्लेक्स के करीब से शुक्रवार की देर शाम बाइक चोरी का है। जो सिंधी कॉलोनी में किराए पर रह रहे एमआर शैलेंद्र कुमार मिश्रा से जुड़ा हुआ है। पीडि़त ने बताया कि शुक्रवार की शाम, उनकी बाइक मंदिर के करीब से पार हो गई। जो काफी खोजने के बाद भी नहीं मिली।

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रात करीब साढ़े ८ बजे जब बाइक चोरी की शिकायत लेकर वो कोतवाली पहुंचे तो उन्हें इस टेबल से उस टेबल घुमाया गया। काफी देर घुमने के बाद मुंशी ने कहा कि बाइक चोरी की शिकायत इतनी जल्दी दर्ज नहीं होती है। दो दिनों तक अपने स्तर पर खोजो जब नहीं मिले तो लिखित शिकायत के साथ थाने आना। उसके बाद जांच कर अपराध दर्ज करने की पहल की जाएगी।

खुद के फंसने का दिया हवाला
इस बीच पीडि़त एमआर ने उक्त बाइक से कोई अपराधिक वारदात होने व उसमें खुद के फंसने का भी हवाला दिया। पर मुंशी ने उसकी बातों को नजरअंदाज कर दिया। करीब एक घंटे तक कोतवाली में रहने के बाद पीडि़त की शिकायत को नहीं लिया गया। जब रात १० बजे तो मुंशी की ड्यूटी बदली और दूसरा मुंशी आया। जिसने पीडि़त एमआर से थाने में मौजूद होने की बात को पूछते हुए उसकी शिकायत दर्ज करने की पहल की। जिसके बाद पीडि़त ने राहत की सांस ली।