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बेमौसम बारिश के बाद अब ‘कोरोना से ईंटभट्ठा मजदूर बेकाम

कर्ज के बोझ तले दबे ईंट भ_ों पर काम करने वाले मजदूरों पर कुदरत का कहर जारी है। पहले बेमौसम बारिश ने कहर बरपाया अब कोरोना वायरस कहर बरपा रहा है।

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बेमौसम बारिश के बाद अब 'कोरोना से ईंटभट्ठा मजदूर बेकाम

बेमौसम बारिश के बाद अब 'कोरोना से ईंटभट्ठा मजदूर बेकाम

कसडोल. कर्ज के बोझ तले दबे ईंट भ_ों पर काम करने वाले मजदूरों पर कुदरत का कहर जारी है। पहले बेमौसम बारिश ने कहर बरपाया अब कोरोना वायरस कहर बरपा रहा है। ईंट भ_ों पर काम करने वाले मजदूरों ने शासन-प्रशासन से काम काज शीघ्र प्रारंभ करने की मांग की है।
ईंट भ_े पर काम करने वाले मजदूर भ_े पर आने से पहले अपने जरूरी आवश्यकताओं के लिए ईंट भ_े मालिकों से अग्रिम राशि लिए रहते हैं और काम-काज करके कर्ज अदा करने के बाद बचत राशि लेकर अपने-अपने घर को वापस लौट आते हैं। लेकिन ईंट भ_े पर काम करने वाले मजदूरों पर इस साल कुदरत ने जमकर कहर बरपाया है। पहले बेमौसम बारिश के चलते करीब डेढ़ माह तक भ_े पर काम करने वाले मजदूर हाथ पर हाथ धरे बैठे रहे और जैसे ही मौसम के मिजाज में सुधार आया और मजदूरों के चेहरे पर हल्की मुस्कान नजर आ रही थी वैसे ही विश्व व्यापी कोरोना वायरस के एहतियात के तौर पर पूरे देशभर में लागू लॉक डाऊन ने उनकी खुशी पर पानी फेर दिया। अति आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति वाले दुकानों, सेवाओं को छोड़कर शेष दुकानें, उद्योग-धंधे पूरी तरह लॉक डाऊन हैं।
शासन द्वारा हालांकि रेत खदान एवं चूना पत्थर उत्खनन की अनुमति प्रदान कर दिया गया है, लेकिन ईंट भ_े जहां पर स्वाभाविक रूप से सोशल डिस्टेंसिंग का पालन होते रहा है वहां पर लॉक डाऊन अभी भी जारी है। ईंट भ_े पर काम करने वाले मजदूरों का कार्यस्थल एक दूसरे से कम से कम 100 मीटर की दूरी पर रहता है और एक स्थान पर दो या तीन मजदूर ही काम करते हैं।
पिछले दिनों प्रेस से चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने जहां पर कम मजदूर काम करते हैं और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन होता है, ऐसे कार्यों को प्रारंभ किया जा सकता है। भ_ों पर काम करने वाले मजदूरों ने मुख्यमंत्री सहित शासन प्रशासन से कामकाज शीघ्र प्रारंभ करने की मांग की है।
काम बंद होने से मजदूर परेशान
कसडोल नगर के आसपास के ईंट भ_े पर काम करने वाले मजदूरों के अनुसार भ_े पर आने से पहले ही घरेलू आवश्यकताओं के लिए मालिक से पहले ही 30 से 40 हजार रुपए अग्रिम ले रखे हैं। यदि कामकाज अच्छा खासा चलता है तो लिए गए अग्रिम की राशि अप्रेल माह के अंत तक कट जाता है। उसके बाद मई और जून में जो काम करते हैं उसके बचत से हम घर जाकर अपनी खेती बाड़ी के काम में लगाते हैं और घरेलू खर्च चलाते हैं। लेकिन इस साल जैसे कुदरत हम मजदूरों से नाराज है, ऐसे लगता है। हमारा कामकाज जैसे ही चालू हुआ था वैसे ही कुछ दिनों बाद बेमौसम बारिश के चलते करीब डेढ़ माह तक कामकाज ठप रहा और जैसे ही कामकाज प्रारंभ हो रहा था वैसे ही कोरोना वायरस के चलते पूरे देश में लागू किए गए लॉक डाऊन से ईंट भ_ों पर भी कामकाज बंद कर दिया गया।
वर्जन...
ईंट भट्ठों को प्रारंभ किए जाने संबंधी शासन का आदेश प्राप्त नहीं हुआ है। आदेश मिलने पर भट्ठों का काम प्रारंभ करा दिया जाएगा।
टीसी अग्रवाल, एसडीएम

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