ration shopkeepers : राशन दुकानों की 8 और 9 फरवरी हो होने वाली हड़ताल अब रोक दी गई है। 7 फरवरी को राशन दुकान संचालक हड़ताल में थे। डायरेक्टर फूड ने मंगलवार को सख्त आदेश जारी किया, जिसमें राशन दुकान संचालकों को साफ निर्देशित किया गया है कि यदि दुकानें बंद की जाती है तो राशन दुकान संचालकों पर निलंबन की कार्रवाई की जाएगी।
रायपुर. राशन दुकान संचालकों (ration shopkeepers ) ने सोमवार से प्रदेश 13 हजार 524 दुकानों में ताला लटका दिया है, जिससे 73.50 लाख से ज्यादा कार्डधारियों का खाद्यान्न वितरण रुक गया है। राशन दुकान संचालक अपनी 11 सूत्रीय मांगों को लेकर सोमवार से हड़ताल पर हैं। अब कार्डधारियों को दो दिन तक राशन नहीं मिलेगा। 10 फरवरी को दुकानों का संचालन फिर शुरू किया जाएगा। देशभर के राशन दुकान संचालकों द्वारा हड़ताल की जा रही है।
कमीशन की राशि सीधे संचालक के खाते में दी जाए
राशन विक्रेताओं का कहना है कि विभाग द्वारा कमीशन की राशि को नागरिक आपूर्ति निगम या अनुसंस्था विभाग के माध्यम से राशन दुकान संचालकों को 4 से 6 महीने में दी जाती है। इसलिए क्रेताओं के बैंक खातों में सीधे राशि देने की व्यवस्था की जाए। तीन प्रतिशत अतिरिक्त सूखत के रूप में प्रति क्विंटल के हिसाब से भंडारण राशन दुकानों में किया जाए, ताकि शॉर्टेज की कमी पूरी हो। संचालकों की प्रमुख मांगों में से एक दुकान संचालन पर न्यूनतम 50 हजार रुपए का मानदेय तय करना है।
पीएमजीकेएवाई योजना के तहत राशन का आबंटन करना, वर्ल्ड फूड प्रोग्राम की सिफारिशों को लागू करना, शक्कर आदि की बिक्री पर होने वाली हानि पर एक रुपए प्रति क्विंटल की दर से अनुमति, जूट के बोरों में खाद्यान्न की आपूर्ति, पश्चिम बंगाल का राशन मॉडल सभी राज्यों में लागू करना, कोविड पीड़ित व्यापारियों को 50 लाख रुपए मुआवजा देना सहित अन्य कई मांगें शामिल हैं।
फैक्ट फाइल
13,524 प्रदेश में कुल राशन दुकानें
73,51,688 कुल राशन कार्डधारक
221 जिले में शहरी राशन दुकान
416 जिले में ग्रामीण क्षेत्रों की राशन दुकानें
3,13,648 जिले के नगरीय निकायों में कार्डधारक
2,61,994 जिले में ब्लाकवार कार्डधारक