24 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

हार्वर्ड में सीएम ने सुनाया बंदर राजा का किस्सा

बार-बार पाकिस्तान की बात करने वाले नेताओं पर सुनाई कहानी

less than 1 minute read
Google source verification
हार्वर्ड में सीएम ने सुनाया बंदर राजा का किस्सा

हार्वर्ड में सीएम ने सुनाया बंदर राजा का किस्सा

रायपुर. छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल अमरीकी प्रवास के दौरान बोस्टन स्थिति हार्वर्ड विश्वविद्यालय पहुंचे थे। विद्यार्थियों के बीच वार्षिक भारत सम्मेलन में शिरकत करने पहुंचे मुख्यमंत्री ने एक सवाल के जवाब में बंदर राजा की कहानी सुनाई। मौजूदा राजनीति पर तंज कसती इस कहानी पर वहां देर तक तालियां बजती रहीं।

दरअसल परिचर्चा को मॉडरेट कर रहे डॉ. सूरज एंगड़े ने मुख्यमंत्री ने भारत की मौजूदा राजनीतिक परिचर्चा पर एक सवाल पूछा। उन्होंने कहा, कुछ राजनेता लगातार पाकिस्तान-पाकिस्तान का राग अलाप रहे हैं। देश की किसी समस्या की बात हो बात पाकिस्तान की होने लगती है। भारत के राजनेता पाकिस्तान जैसे देश की इतनी बात क्यों करते हैं।

जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा, एक कहानी सुनाता हूं। जंगल के जानवरों ने तय किया कि अब शेर राजा नहीं रहेगा। अब राजा कोई और होगा। बंदर ने सुरक्षा और सेवा का वादा किया और जानवरों बंदर को राजा बना दिया। एक दिन बाघ ने हिरन के एक बच्चे को दबोच लिया। हिरन भागकर राजा बंदर के पास पहुंचा। उससे कहा, बाघ से उसके बच्चे को बचाए।

बंदर वहां पहुंचा और इस पेड़ से उस पेड़। इस डाली से उस डाली तक कूदने लगा। हिरन ने कहा, राजा मेरे बच्चे को बचाइए बाघ ने दबोच रखा है। इस तरह कूदने से वक्त बीत रहा है। बंदर ने कहा, कर ही तो रहा हूं। तुम्हारे बच्चे के बचाने के लिए मैं पूरी मेहनत कर रहा हूं। तुम्हारा बच्चा बचता है या नहीं, लेकिन मेरी मेहनत में कोई कमी हो तो बताओ। यहां ऐसा ही हो रहा है। जिसको जो आएगा वह वहीं करेगा।