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अब अधिकारी ने भी मानी गलती, प्रदेश में बिजली व्यवस्था खराब, भाजपा ने किया दफ्तर का घेराव

इस (Chhattisgarh) दौरान अधिकारी ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए कहा कि कहीं तो (BJP)खामियां हो रही है। प्राकृतिक आपदा (natural calamity) से व्यवधान, लेकिन कटौती (Power cut) कोई मसला नहीं है।

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अब अधिकारी ने भी मानी गलती, प्रदेश में बिजली व्यवस्था खराब, भाजपा ने किया दफ्तर का घेराव

रायपुर. प्रदेश (Chhattisgarh) में खराब बिजली व्यवस्था को लेकर आज भाजपा (BJP) ने सिविल लाइन स्थित बिजली दफ्तर (Electricity Office) का घेराव कर प्रदर्शन किया। इस दौरान अधिकारी ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए कहा कि कहीं तो खामियां हो रही है। प्राकृतिक आपदा (natural calamity) से व्यवधान, लेकिन कटौती (Power cut) कोई मसला नहीं है।

राजकुमार राठी, मंजुलमयंक श्रीवास्तव, सुब्रत घोष ने बताया कि अवंति विहार सहित आस-पास के इलाकों में पिछले 15 दिनों से बिजली की कटौती की जा रही है। जिससे विशेषकर महिलाओं एवं बच्चों को भीषण गर्मी (Heat) में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

राठी ने बताया कि रात को 2 बजे थोड़ी सी अंधड़ चलते ही अवंति विहार के पूरे क्षेत्र की लाइट चले गई थी। शिकायत केंद्र में फोन लगाने पर ऑपरेटर द्वारा शिकायत सुनने के बाद फोन को उठाकर रख दिया गया। सुबह 5 बजे तक नागरिकों इंतजार करते रहे लेकिन बिजली चालू नहीं हो पाया। क्षेत्र के नागरिक सिविल लाइन कार्यालय जाकर मैकेनिक को साथ में लेकर आए तब कही जाकर बिजली की आपूर्ति शुरू हो पाई।

सीएम ने लगाई फटकार
मंत्रालय में गुरुवार को हुई कलेक्टर और एसपी कांफ्रेंस में भी बिजली कटौती का मुद्दा गरमाया रहा। कटौती की शिकायत पर सीएम भूपेश (Chief Minister Bhupesh Baghel) ने कड़े शब्दों में कहा कि प्रदेश में जब बिजली सरप्लस (CSPDCL) है तो कटौती क्यों की जा रही है। अगर अधिकारी लापरवाही कर रहे हैं तो ऐसे लोगों को निलंबित नहीं सीधे बर्खास्त किया जाएगा।

3 हजार से अधिक मामले आ चुके हैं सामने
हाल ही के महीनों में पूरे प्रदेश में बिजली कटौती Power Cut issue के 3 हजार से भी ज्यादा मामले सामने आ चुके हैं। सरगुजा संभाग Sarguja के दौरे में सीएम को बिजली संबंधी कई समस्याएं लोगों ने बताई थी। इन शिकायतों के बाद संभाग के एसई और 7 डीई को सस्पेंड कर दिया गया।