27 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Guru Pushya Nakshatra 2021: गुरु पुष्य नक्षत्र के दुर्लभ संयोग में चांदी के टुकड़े से करें ये उपाय, झट से दूर होगी पैसों की तंगी

Guru Pushya Nakshatra 2021: कोरोनाकाल के लंबे अर्से बाद गुरुवार दोहरी खुशी लेकर आ रहा है। क्योंकि इसी दिन गुरु पुष्य नक्षत्र पर दुर्लभ संयोग बन रहा है। ज्योतिषियों के अनुसार खरीदारी का यह सर्वश्रेष्ठ नक्षत्र माना गया है।

2 min read
Google source verification
guru_pushya_nakshatra_2021.jpg

Guru Pushya Nakshatra 2021: गुरु पुष्य नक्षत्र के दुर्लभ संयोग में चांदी के टुकड़े से करें ये उपाय, झट से दूर होगी पैसों की तंगी

रायपुर. Guru Pushya Nakshatra 2021: कोरोनाकाल के लंबे अर्से बाद गुरुवार दोहरी खुशी लेकर आ रहा है। क्योंकि इसी दिन गुरु पुष्य नक्षत्र पर दुर्लभ संयोग बन रहा है। ज्योतिषियों के अनुसार खरीदारी का यह सर्वश्रेष्ठ नक्षत्र माना गया है। यानी बाजारों में खास तौर पर सराफा में दिवाली से पहले दिवाली जैसा उत्साह दिखेगा। इसी दिन कार्तिक कृष्णपक्ष की अष्टमी तिथि होने से माताएं अहोई माता की पूजा कर संतान प्राप्ति और लंबी उम्र की कामना करेंगे। व्रत रख रखकर पूजा करेंगी।

दिवाली पर्व को लेकर कारोबारियों और ग्राहकों दोनों में उत्साह बढ़ा है। 28 अक्टूबर को खरीदारी दुर्लभ शुभ मुहूर्त गुरु पुष्य नक्षत्र है, जिसका हर किसी को इंतजार रहता है। इसके लिए राजधानी के हर सेक्टर का बाजार तैयार है। इसे देखते हुए सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था पर अधिक फोकस किया गया है। चूंकि राजधानी से प्रदेश के अनेक जिलों एवं आसपास के राज्यों ओडिशा और झारसुगुड़ा के कारोबारी स्टॉक खरीदी कर ले जाते हैं, जिसमें पिछले 15 दिनों से अच्छी खासी तेजी आई है।

वैदिक ज्योतिष शास्त्र में 27 नक्षत्र, खरीदारी के लिए ये सर्वश्रेष्ठ
पंडित मनोज शुक्ला के अनुसार वैदिक ज्योतिष में 27 नक्षत्र बताए गए हैं। इनमें 8वें स्थान पर पुष्य नक्षत्र आता है। जो बेहद ही शुभ एवं कल्याणकारी नक्षत्र है। इसलिए इसे नक्षत्रों का सम्राट कहा जाता है। इसलिए खरीदारी के लिए सर्वश्रेष्ठ माना गया है। ज्योतिषी डॉ. विनीत शर्मा के अनुसार वैसे तो पुष्य नक्षत्र हर माह आता है, लेकिन गुरु पुष्य नक्षत्र का संयोग वर्ष में बहुत कम बनता है। इस बार 28 अक्टूबर को ऐसा संयोग बन रहा है, जब रवियोग, सर्वार्थसिद्धि, अमृतसिद्धि योग के साथ त्रिपुष्कर योग बना है। ऐसे मुहूर्त में आभूषण, वाहन, इलेक्ट्रानिक्स, मशीनरी, प्रापर्टी, बहीखाता आदि की खरीददारी का स्थाई शुभ संयोग होता है।

यह भी पढ़ें: Diwali 2021: इस दिवाली इन लोगों पर होगी मां लक्ष्मी की विशेष कृपा, ग्रहों का बन रहा शुभ संयोग

पहली बार त्रिपुष्कर संयोग, ये रहेगा विशेष फलदायी
शास्त्रों के अनुसार इस मुहूर्त में किए गए कार्य फलदायी और सिद्ध होते हैं। इस दिन स्वर्ण आभूषण खरीदने से समृद्धि बनी रहती है।
- जमीन, मकान, वाहन खरीदना भी शुभ होता है।
- मोती शंख या दक्षिणावर्ती शंख को अपनी दुकान या प्रतिष्ठान में स्थापित करने से व्यापार में तरक्की होती है।
- चांदी का छोटा सा एक चौकोर टुकड़ा खरीदकर लाएं और इसका पूजन कर श्रीसूक्त का पाठ करें। इससे आर्थिक संकट दूर होता है।
- इस दिन भगवान विष्णु, माता लक्ष्मी की उपासना और श्री यंत्र की खरीदी समृद्धि लाती है।
- बच्चों के उपनयन संस्कार और उसके बाद उसे पहली बार विद्याभ्यास के लिए गुरुकुल में भेजा जाता है।
- इस दिन नए व्यापार और व्यवसाय की शुरुआत करना भी श्रेष्ठ माना जाता है।
- तंत्र-मंत्र की सिद्धि एवं जड़ी-बूटी ग्रहण का कार्य भी किया जाता है। इस दिन साधना में सफ लता प्राप्त होती है।
- जन्मकुंडली में स्थित कोई ग्रह दूषित हो रहा है तो यह दिन दुष्प्रभाव दूर करने का सबसे उत्तम दिन माना गया है।
- मंदिर में दीपक जलाने से कार्य में आने वाली बाधा समाप्त होती है और तांबे के लोटे में जल में दूध, लाल पुष्प और लाल चंदन डालकर सूर्य को अर्घ्य देने से शत्रु कमजोर होते हैं।

यह भी पढ़ें: Diwali 2021: दिवाली से पहले बन रहा गुरु पुष्य नक्षत्र का संयोग, करेंगे ये काम मिलेगा विशेष फल