कोरोना की तीसरी लहर की आशंका के बीच लोग हुए लापरवाह, वैक्सीन लगवाने वाले ज्यादा सुरक्षित, सभी को लगवाना चाहिए समय से दोनों डोज
खरोरा। प्रदेश व देश में कोरोना की तीसरी लहर की आशंका को लेकर प्रशासन-शासन अलर्ट हो गया है। कोविड लहर के दौरान इलाज की समुचित व्यवस्था को परखा जा रहा है। वहीं, दूसरी ओर लोग महामारी को लेकर अब पूरी तरह से लापरवाह नजर आने लगे हैं। नगर की सडक़ों पर 90 फीसदी लोग बिना मास्क नजर आने लगे हैं, केवल 10 फीसदी लोग ही मास्क लगा रहे हैं। लेकिन सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कोई भी नहीं कर रहा है। कोरोना की दूसरी लहर में हमने कई अपनों को गंवाया है। महामारी के चलते लगाए गए लॉकडाउन के दौरान नियमों का कड़ाई से पालन कराया गया। इससे संक्रमण पर काबू पाने में काफी हद तक सफलता मिली है। हालांकि, लोग अब फिर से लापरवाही करने लगे हैं।
सोशल डिस्टेंसिंग का नहीं हो रहा पालन
तीसरी लहर को लेकर जहां सरकार की तरफ से बचाव के निर्देश दिए जा रहे हैं तो प्रशासनिक अफसर भी अभी से तैयारी में जुटे हुए हैं। कोरोना की तीसरी लहर से लापरवाह दिख रहे लोग न तो मास्क पहनने को तैयार हैं और न ही सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कर रहे हैं। मास्क तो दूर सेनिटाइजर का इस्तेमाल भी लोग भूल चुके हैं। भीड़ से परहेज करने की बजाय लोग नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए समूह में बाजारों में पहुंच खरीदारी कर रहे हैं। कई लोगों के मास्क भी नाक के नीचे लटके रहते हैं। दुकान तथा बाजार में पहले की तरह ही सामान की खरीद को लेकर आपाधापी है। शारीरिक दूरी का कोई मतलब यहां नहीं दिखता है। नगर के व्यापारीगण भी इस लापरवाही का हिस्सा बनते जा रहे हैं। व्यापारी खुद भी मास्क व सोशल डिस्टेंसिंग नहीं बना पा रहे हैं
तिगड्डा चौक से बेपरवाह गुजर रहे लोग
मंगलवार की शाम 4 बजे के बीच करीब 120 लोग गुजरे, लेकिन मास्क लगाए केवल 15 लोग ही नजर आए। दो पहिया वाहन, चार पहिया वाहन, साइकिल पर सवार लोग बिना मास्क ही नजर आए। एक वाहन में 2 या उससे ज्यादा लोग बैठे नजर आए, लेकिन मास्क किसी ने नहीं पहना हुआ था।
नगर के सभी हिस्सों में नजर आ रही लापरवाही
नगर की सडक़ों पर पैदल, साइकिल, दो पहिया और चार पहिया वाहन से आवागमन करने वाले ज्यादातर लोग बिना मास्क के नजर आने लगे हैं। नगर के प्रमुख मार्गो पर किसी भी समय बिना मास्क के गुजरते लोग नजर आ जाते हैं। वहीं, प्रशासन ने मास्क को लेकर चालानी कार्रवाई भी बंद कर दी है। इस वजह से लापरवाह लोग और ज्यादा लापरवाही कर रहे हैं। चालान के डर से ही सही, लोग मास्क लगाए रहते थेए। जिससे न केवल वे सुरक्षित थे, बल्कि उनके संपर्क में आने वाले लोग भी सुरक्षित रहे। लेकिन अब बिना मास्क के दूसरों के संपर्क में आने वाले लोगों की संख्या दिन प्रतिदिन बढ़ रही है।