
सख्ती: दोनों डोज लगवा चुके हवाई यात्रियों को भी देनी होगी RT-PCR टेस्ट की निगेटिव रिपोर्ट
रायपुर. राज्य शासन ने छत्तीसगढ़ में विगत दो दिनों से कोरोना के बढ़ रहे केस को देखते हुए सख्ती बरतनी शुरू कर दी है। शासन ने विमान से दूसरे राज्यों से आने वाले यात्रियों के लिए कोविड-19 की आरटीपीसीआर (RT-PCR) जांच की निगेटिव रिपोर्ट अनिवार्य कर दिया है। आईसीएमआर द्वारा स्वीकृत एवं प्रमाणित पैथोलॉजी लैब की ही रिपोर्ट मान्य रहेगी।
जांच रिपोर्ट में आईसीएमआर आईडी या एसआरएफ आईडी अंकित नहीं होने पर एयरपोर्ट पर आरटीपीसीआर जांच किया जाएगा। सामान्य प्रशासन विभाग ने सभी संभागों के आयुक्त, पुलिस महानिरीक्षक, सभी कलेक्टरों और पुलिस अधीक्षकों को परिपत्र के माध्यम से नए दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं, जो 8 अगस्त से प्रभावी होंगे।
'पत्रिका' ने 3 अगस्त को 'फिर वायरस की घुसपैठ: दिल्ली, ओडिशा, कर्नाटक और आंध्रप्रदेश से लौटे लाग मिल रहे कोरोना संक्रमित' शीर्षक से खबर प्रकाशित होने के बाद राज्य शासन ने संशोधित दिशा-निर्देश जारी किया है। राज्य शासन के नए निर्देशों के अनुसार, ऐसे यात्री जिनके पास कोरोना से बचाव के टीके की दोनों खुराकें लेने का प्रमाण हो, उन्हें भी 96 घंटे के भीतर की आरटीपीसीआर जांच की निगेटिव रिपोर्ट लाना जरूरी है। रिपोर्ट नही होने की स्थित में एयरपोर्ट पर आरटीपीसीआर या रैपिड एंटीजन टेस्ट कराना अनिवार्य है।
मिस्ड कॉल देकर मोबाइल नंबर कराना होगा प्रमाणित
एयरपोर्ट पर कोरोना जांच के लिए सैंपल देते समय यात्रियों को फोटो, आईडी और मोबाइल नंबर देना जरूरी है। जांच दल के सदस्यों को मिस्ड कॉल देकर मोबाइल नंबर को प्रमाणित कराना होगा। जिन यात्रियों के पास मोबाइल नंबर उपलब्ध नहीं होगा, उन्हें अपने परिजन के मोबाइल नंबर से मिस्ड कॉल देकर नंबर प्रमाणित कराना होगा। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि गलत नंबर देने से कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग में काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
Published on:
04 Aug 2021 10:33 am
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