बालको द्वारा पहले मैनपाट में बाक्साइट खदान का संचालन किया जा रहा था। अभी खदान बंद है। बाक्साइट की आपूर्ति छत्तीसगढ़ के कवर्धा व ओडिशा स्थित खदानों से की जा रही है। एल्यूमिनियम उत्पादन क्षमता बढऩे पर अतिरिक्त बाक्साइट की जरुरत पड़ेगी। इसे देखते हुए मैनपाट की खदान को चालू करने की कार्ययोजना बनाई गई है। खदान से बाक्साइट को पहले कोरबा लाकर यहां से रेलमार्ग द्वारा बाक्साइट, ओडिशा भेजने पर भी विचार किया जा रहा है। यहां से एल्युमिना पॉउडर रेल मार्ग से वापस बालको आएगा। इसके लिए रेक की व्यवस्था पहले से की है। विनिवेश के पहले बालको में ही एल्युमिना पॉउडर बनाकर एल्यूमिनियम का उत्पादन किया जा रहा था। अभी यह प्लांट बंद है। बैठक के दौरान इन बातों पर भी चर्चा की गई है।