18 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

रायसेन

फिर बरसे आफत के ओले

पिछली बारिश से जिले के 317 गांवों में हुआ था फसलों को नुकसान

Google source verification

रायसेन. बीते दिनों 17 से 21 मार्च तक ओलावृष्टि और बारिश से जिले के 317 गांवों में हजारों हैक्टेयर में फसलों को नुकसान हुआ था। उसका सर्वे अभी भी पूरा नहीं हुआ है, जबकि शुक्रवार को फिर जिले के सुल्तानगंज क्षेत्र में ओलावृष्टि हुई। दोपहर लगभग तीन बजे शुरू हुई बारिश के साथ लगभग 15 मिनट तक बेर के आकार के ओले बरसे। करीब आधा दर्जन गांवों में ओलावृष्टि का असर रहा। इनमें से तीन गांवों खजुरिया बरामद गढ़ी, झिरिया बरामद गढ़ी और ककरुआ में खड़ी फसलों को ज्यादा नुकसान होना बताया जा रहा है। हालांकि क्षेत्र में 20 से 25 प्रतिशत खेतों में ही फसलें खड़ी हैं। बाकी में कटाई हो चुकी है। खेत खलिहानों में कटी रखी फसलों को बारिश, ओलों से नुकसान हुआ है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार एक बार फिर मौसम ने करवट बदली और तेज हवाओं के साथ ओलावृष्टि ने किसानों पर फिर से आफत ला दी है। जैसे तैसे किसान अपनी फसलों को समेटने में लगा हुआ था, ऐसे में अचानक हुई ओलावृष्टि से उसकी मुसीबत बढ़ गई है। किसान जाहर सिंह लोधी, सीताराम, इस्माइल खान, सैयद महफूज अली, हरनाम सिंह लोधी, सैयद जावेद अली आदि ने बताया कि काफी देर तक बारिश के साथ ओलावृष्टि होने से खड़ी फसलें आड़ी हो गई हैं, बालियों से दाने झडकऱ खेतों में गिर गए हैं। वही कटी रखी हुई फसल भी भीग गई हैं।
गुरुवार रात भी जिले में कई जगह बूंदाबांदी हुई थी। शुक्रवार को सुबह 11 बजे रायसेन में पांच मिनट बारिश हुई और फिर धूप निकली। सारे दिन कभी धूप कभी तो कभी आसमान में बादल छाते रहे। गोहरगंज में भी गुरुवार रात और शुक्रवार दोपहर बूंदाबांदी हुई। लगभग पूरे जिले में धूप और बादलों के बीच लुकाछिपी चलती रही।
110 गांवों के किसानों को मिलेगा मुआवजा
बीते दिनों हुई बारिश और ओलावृष्टि से से फसलों को हुए नुकसान के अभी तक किए गए सर्वे के अनुसार जिले के 317 गांवों में फसलों को नुकसान हुआ था, जिनमें से 110 गांवों में फसलों को 25 प्रतिशत से अधिक नुकसान हुआ है। जो आरबीसी 6/4 के तहत मुआवजा के दायरे में आते हैं। मुआवजा कब मिलेगा यह तो अभी कहना जल्दबाजी होगी, क्योंकि अभी सर्वे जारी है और आंकड़ों में बदलव भी हो सकता है।
बारिश और ओलावृष्टि से सबसे अधिक नुकसान बरेली तहसील के किसानों को हुआ है। जहां 116 गांव की फसलें प्रभावित हुई हैं। सबसे कम 05 गांवों की फसलों को गोहरगंज तहसील क्षेत्र में नुकसान हुआ है। इस प्राकृतिक आपदा से फसलों को हुए नुकसान से कितने किसान प्रभावित हुए और कितने हैक्टेयर में फसलों को नुकसान हुआ यह आंकड़े फिलहाल सामने नहीं आए हैं। भू अभिलेखा के अनुसार सर्वे अभी भी जारी है, इसलिए आंकड़े बदल सकते हैं।
यहां इतने गांव हुए थे प्रभावित
बीते दिनों की बारिश से रायसेन तहसील के 35 गांवों में फसलों को नुकसान हुआ था। इसी तरह गैरतगंज तहसील के 18 गांवों में, गोहरगंज तहसील के 05 गांवों में, सुल्तानपुर तहसील के 10 गांवों में, देवरी तहसील के 25 गांवों में, बाड़ी तहसील के 37 गांवों में, बेगमगंज तहसील के 26 गांवों में तथा सिलवानी तहसील के 45 गांवों में फसलों को नुकसान हुआ है। बेगमगंज तहसील में शुक्रवार को हुई ओलावृष्टि से प्रभावित गांव भी जुड़ जाएंगे।
——————-