27 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

पीपीई किट का उपयोग सावधानी से करें तो नहीं है कोई खतरा

अब तक 395 सेंपल ले चुके बीएमओ ने कहा नहीं होती कोई समस्या।

2 min read
Google source verification
पीपीई किट का उपयोग सावधानी से करें तो नहीं है कोई खतरा

पीपीई किट का उपयोग सावधानी से करें तो नहीं है कोई खतरा

रायसेन. कोरोना संक्रमण के दौर में पॉजीटिव मरीजों के संपर्क में आने से कई डॉक्टर, नर्स और अन्य मेडीकल स्टॉफ भी संक्रमित हुए हैं। जिससे स्वास्थ्य कर्मचारियों में भी इसका डर है, लेकिन फिर भी ड्यूटी कर रहे हैं। जिले के औबेदुल्लागंज ब्लॉक मेडीकल आफिसर डा. अरविंद सिंह चौहान ने अब तक 395 संदिग्धों के सेंपल लेकर जांच के लिए भेजे हैं। उनके साथ चार अन्य कर्मचारियों की टीम रहती है। डा. चौहान का कहना है कि आगे भी भी ये ड्यूटी जारी रहना है, लेकिन सावधानी से हर खतरे से बचे रह सकते हैं। उनका कहना है कि पॉजीटिव मरीज के संपर्क में आने से बचकर ही इस बीमारी से बच सकते हैं, लेकिन डॉक्टर, नर्स को ऐसे मरीज के नजदीक पहुंचना ही पड़ता है। ऐसे में सावधानी ही बचाव का सबसे प्रमुख उपाय है।
बार-बार नहीं खोलते पीपीई किट
डा. चौहान का कहना है कि मेडीकल स्टॉफ को प्रशिक्षण दिया गया है, लेकिन कई बार चूक हो जाती है। उनका कहना है कि एक बार पीपीई किट पहनकर सेंपल के लिए निकले तो फिर किट को नहीं खोलते। घर से ही चाय, पानी, भोजन का सेवन कर निकलते हैं और फिर काम पूरा करने के बाद ही किट खोलते हैं। दिन में लगभग चार घंटे लगातार किट पहनना पड़ता है, लेकिन अब यह आदत में आ गया है।
सुनना पड़ती है झिड़कियां
डॉ. चौहान ने बताया कि जब फील्ड में संदिग्धों के सेंपल लेने जाएं तो कुछ लोग चिढ़ जाते हैं। सेंपल देने मे आना कानी करते हैं। कुछ तो झिड़कियां देंते हैं। लेकिन उन्हे किसी तरह समझाकर सेंपल लेते हैं।
ये हैं टीम के सदस्य
पूरे औबेदुल्लागंज ब्लॉक में मार्च की शुरुआत से ही कोरोना संक्रमण को लेकर सक्रिय डा. अरविंद चौहान की टीम में लैब टेक्रीशियन लक्ष्मीनारायण लोधी, अंजलि खरे, राजेंद्र नागर, श्वेता निराला शामिल हैं। ये चारों भी इस संकट की घड़ी में बिना अवकाश के काम कर रहे हैं।
-------------------------