रायसेन. जिला मुख्यालय पर प्रतिदिन हो रही कभी तेज तो कभी रिमझिम बारिश के कारण कई वार्डों और मोहल्लों अन्य वार्डों के सड़कों की हालात गांवों से भी बदतर हो गए हैं। कच्ची सड़कों के कारण घुटने तक कीचड़ दलदल हो गया है। नालियां नहीं होने से सड़कों पर सीवेज और बारिश का गंदा पानी जमा हो चुका है। कई जगहों की कॉलोनियों में खाली पड़े इन प्लॉटों मेें भी पानी कचरा गंदगी जमा है। इनमें मच्छरों का लार्वा भी पनप रहा है। इस कारण सक्रामक बीमारियां फैलने लगी हैं। लोग इलाज के लिए अस्पतालोंं केचक्कर काट रहे हैं। यह सब देखकर भी नपा और जिला प्रशासन के जिम्मेदार आंखे मूंदे बैठे है।
शहर की गली, मोहल्लों सहित कॉलोनियों के रहवासियों के लिए कच्ची सड़कें आवागमन की समस्या खड़ी कर दी है। विकास कार्यों से पिछड़े कॉलोनियों और मोहल्ले के लोगों को आम रास्तों में कीचड़ दलदल पानी भरे जाने से लोगों को घरों मेेें कैद होकर रहने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। स्कूली बच्चे रोजाना इस कीचड़ दलदल से गुजरते हैं। आएदिन महिलाएं बच्चे इस कीचड़ में गिरकर घायल हो जाती है।
सोमवार को दोपहर पत्रिका टीम ने शहर की वार्ड 10 की बिटनरी कॉलोनी, वार्ड 9 के रामदयाल यादव के मकान व कॉलोनी, वार्ड 4 की प्रिंस बिहार कॉलोनी, वीआईपी कॉलोनी वार्ड 4 ,गोल्डन सिटी,भारत नगर फेस 2, मनोरमा कालोनी, सुंदर बिहार कालोनी, रामनगर कॉलोनी, पुलिस लाइन, पुलिस 96 कॉलोनी, शिकारीपुरा की गलियों, डीएफओ बंगला की गली, नई तहसील कालोनी, नरापुरा पीपलखेड़ा वार्ड एक, तजपुरा मोहल्ला वार्ड 13, रामलीला मैदान के नजदीक राजेश पंथी पहलवान की गली , पटेलनगर झुग्गी बस्ती शिवोम नगर का आधा एरिया, अयोध्या बस्ती क्षेत्र, श्याम नगर, संजय नगर,पाटनदेव, महाराणा प्रताप नगर लोहापीटा के मकान की गली आदि क्षेत्रों में पक्की सड़कें नहीं बन पाई हैं। जिसके कारण बारिश यहां के रहवासियों के लिए मुसीबत लेकर आई है।
नगरपालिका के विकास कार्य कुछ वार्डों, कॉलोनियों तक ही सीमित हो गए हैं। इन कॉलोनी व वार्ड के रहवासियों को नपाध्यक्ष से लेकर पार्षदों को अभी तक सिर्फ कोरे आश्वासन ही हाथ लगे हैं। इन क्षेत्रों के लोग पार्षदों से विकास की उम्मीद लगाए बैठे हैं, लेकिन अभी तक उनको जिम्मेदारों के केवल आश्वासन ही हाथ लगे हैं। उनके घरों में लोगों की भीड़ जिम्मेदारों को खूब खरीखोटी सुनाना प्रारंभ कर दिया है। इस हंगामे से परेशान बारिश के बाद वार्डों में बिगड़े मार्गों, पक्की सड़कों, नालियों के सुधार के लिए पार्षदों से लोगों ने मांग शुरु कर दी है, लेकिन नगरपालिका के जिम्मेदार इस तरफ ध्यान नहीं ले रहे हैं।
जिन कॉलोनियों, मोहल्लों में सड़क नहीं हैं। यहां के लिए इस्टीमेट तैयार कर सड़क ों की कार्य योजना बनाकर नगरीय निकाय प्रशासन विभाग भोपाल मंजूरी के लिए भेजी गई है। बारिश खत्म होने के बाद यहां प्राथमिकता से सड़कों सहित अन्य विकास कार्य कराए जाएंगे, जिन क्षेत्रों मेें कीचड़ दलदल से परेशानी खड़ी हाने ली हैं। वहां कोपरा, काली गिट्टी चूरी मुरम आदि डालकर आवागमन सुचारु बनाने लगातार वैकल्पिक इंतजाम कराए जा रहे हैं। - जमना सेन, अध्यक्ष, नगर पालिका परिषद रायसेन