1 नवंबर 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

आमरण अनशन पर बैठे रोजगार सहायक

आमरण अनशन पर बैठे रोजगार सहायक
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

राजगढ़

•

image

Bhanu Pratap Singh

•

Updated: 9 Jun 2018, 4:46 PM IST

rajgarh, rajgrah news, rajgarh patrika, patrika news, patrika bhopal, bhopal mp, workers, strike, youth,

आमरण अनशन पर बैठे रोजगार सहायक

राजगढ़। नियमितीकरण और वेतनवृद्धि की मांग को लेकर रोजगार सहायकों का धरना चल रहा है। जिसमें एक दिन अर्धनग्र प्रदर्शन भी जिलेभर के रोजगार सहायक कर चुके है। जिसके बाद भी कोई सुनवाई सामने नहीं आई। ऐसे में प्रदेश में जीरापुर से रोजगार सहायकों ने आमरण अनशन शुरू कर दिया है। पहले दिन दो लोगों द्वारा यह अनशन शुरू किया गया और हर दिन इनकी संख्या बढ़ाने की बात कही गई है। फिलहाल आमरण अनशन की शुरूआत के बाद भी कोई पहल सामने नहीं आई है। इस बार रोजगार सहायक आर पार की लड़ाई की तैयारी में है। इस दौरान सरकार की हट को लेकर भी उन्होंने आक्रोष जारी किया।

मेले में होटल और पर्यटन क्षेत्र में मिलेगा रोजगार
राजगढ़। मिशन अभ्युदय के तहत स्टेडियम परिसर में आगामी 11 जून को कौशल एवं रोजगार मेले का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें होटल व पर्यटन के क्षेत्र में रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा। उल्लेखनीय है कि जिले में पहली बार पर्यटन क्षेत्र में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने को लेकर मेले का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें पर्यटन क्षेत्र की कई कंपनियां 4000 से अधिक रोजगार के अवसर उपलब्ध करएगी। मेले का आयोजन सुबह ११ से शाम पांच बजे तक होगा।

इसमें कक्षा पांचवीं से लेकर 12 वीं तक के बेरोजगार युवक-युवतियां शामिल हो सकते है। रोजगार मेले में आने वाले बेरोजगार अंकसूची, आधार कार्ड एवं फोटो लेकर आए। इस रोजगार मेले में विशेष रूप से होटल व्यवस्था संबंधी कार्यों के लिए युवक युवतियों का चयन किया जाएगा। जिला प्रशासन ने इसके लिए 10000 से अधिक बेरोजगारों को मोबलाइजेशन कर मेले में लाने का लक्ष्य रखा है।

यात्रा के पहुंचते ही जयकारों से गूंज उठा नदी का तट
राजगढ़। नेवज नदी के बड़े पुल से शुरू की गई नेवज चेतना यात्रा शुक्रवार को पाडलीखाती पहुंची। यात्रा के पाड़लीखाती पहुंचते ही नदी का तट जयकारों से गूंज उठा। वहीं सरपंच प्रेमसिंह भी ग्रामीणों के साथ यात्रा का स्वागत करने नदी पहुंची। जहां पर घंटी और मंजीरों के साथ आरती की गई। वहीं महिलाओं द्वारा किए गए दीपदान से अंधकार में डूबा तट रोशनी एवं जयकारों से गूंजने लगा। जिसके बाद चौपाल संवाद किया गया।

जिसमें विभिन्न सामाजिक सरोकार के विषय पर ग्रामीणों से चर्चा की गई। स्थानीय स्कूल परिसर में आयोजित इस चौपाल में बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे। देर रात तक चली चौपाल में विभिन्न विषयों के अलावा चेतना गीत, आपसी अनुभव पर लोगों ने संवाद किया। रात्रि विश्राम के बाद अलसुबह यात्रा अपने अगले गंतव्य बगा के लिए रवाना हुई। उल्लेखनीय है कि गोखाखेड़ा व विजयगढ़ में भी चौपाल का आयोजन किया जा चुका है।