
सड़क निर्माण को लेकर सवाल पूछने पहुंची थी पूर्व विधायक (Photo -Patrika)
CG News: राजनांदगांव जिले के छुरिया ब्लॉक के बेंदाड़ी गांव में जिला प्रशासन की ओर से सुशासन तिहार के तहत समाधान शिविर लगाया गया था। इस शिविर में पूर्व विधायक छन्नी साहू ने प्रदर्शन किया तो भाजपा नेताओं ने जेल भेजने की धमकी दे दी। इस बात को लेकर पूर्व विधायक छन्नी बिफर गई और शिविर में हंगामा शुरू हो गया। भाजपा-कांग्रेस के नेता एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाते रहे। पूर्व विधायक छन्नी इस कदर आक्रोशित थीं कि उन्होंने अपने हाथों से चूड़ियां निकालकर अफसरों को पहनने तक की बात कह दी।
ठाकुर ने पूर्व के कार्यों को लेकर सवाल दागे तो पूर्व विधायक आक्रोशित हो गई। उनके साथ आए ग्रामीण भी रोष में आ गए। भाजपा नेता व पूर्व विधायक के बीच जमकर बहस हुई तो मंच पर मौजूद भाजपा के अन्य नेता भी सामने आए। भाजपा महामंत्री ने तो पूर्व विधायक सहित ग्रामीणों जेल भेज देने की धमकी दी तो पूर्व विधायक तमतमा गईं और अफसरों को चूड़ियां दिखाते हुए कहा कि प्रशासन की मौजूदगी में एक भाजपा नेता जेल भेजने की धमकी दे रहा हैै। ऐसे में अफसरों को चूड़ियां पहन लेनी चाहिए। देर तक बहस चलता रहा। मौके पर जिला पंचायत अध्यक्ष, एसडीएम, तहसीलदार, थानेदार सहित अन्य विभागों के अफसर मौजूद रहे।
मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों व प्रशासनिक अफसरों ने मामला शांत कराया। दरअसल पूर्व विधायक छन्नी सड़क निर्माण को लेकर जवाब मांगने पहुंची थी। छन्नी ने शिविर में कहा कि मेरे कार्यकाल में 2023 में मरकाकसा से जोब के बीच 1.25 किलोमीटर सड़क के लिए 1 करोड़ 40 लाख 10 हजार रुपए की स्वीकृति हो गई थी। टेंडर भी हो गया था पर इस बीच आचार संहिता लग गया। अब भाजपा की सरकार है और डेढ़ साल बीत गए हैं पर सड़क नहीं बनी है। इस मसले को लेकर तत्कालीन कलेक्टर संजय अग्रवाल से मिल चुके थे।
कलेक्टर ने 15 दिन के भीतर काम शुरू कराने की बात कही थी पर कुछ हुआ नहीं। इसलिए शिविर में अफसरों ने सवाल पूछने पहुंचे थे। आसपास के ग्रामीण हाथों में ततियां लेकर शिविर स्थल पर बैठ गए थे। इस बीच अफसरों ने पूर्व विधायक को मंच पर चलने कहा पर उन्होंने मना कर दिया और सड़क निर्माण को लेकर सवाल किए। इस बीच भाजपा के नेता एमडी ठाकुर ने पूर्व विधायक से ही सवाल करना शुरू कर दिया था कि आपके कार्यकाल में यह सड़क क्यों नहीं बनी। पूर्व विधायक का कहना है कि स्वीकृत कार्य को भाजपा नेताओं की ओर से रोक दिया गया और अब काम कराने की बात कह रहे।
पूर्व विधायक सहित ग्रामीणों के आक्रोश को देखते हुए अफसरों ने सड़क का मौका मुआयना किया। बताया कि वित्त विभाग से स्वीकृति लेकर फिर से टेंडर कराया जा रहा है। सड़क का निर्माण जल्द शुरू कराया जाएगा। बताया गया कि समाधान शिविर में 13 गांव के ग्रामीण पहुंचे थे। 2603 आवेदनों का निराकरण किया गया।
Updated on:
27 May 2025 12:22 pm
Published on:
27 May 2025 12:22 pm
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