
राजसमंद। शहर में नीम हकीम और झोलाछापों का कारोबार इस कदर फैल रहा है कि इससे आमजन का स्वास्थ्य प्रभावित होता जा रहा है। इसके चलते चिकित्सा विभाग के द्वारा झोलाछाप व स्वास्थ्य रक्षकों का सर्वे कराया गया। सर्वे टीम ने 80 फीसदी दुकानें बंद होने का दावा किया। विभागीय सर्वे में सामने आया है कि जिले में 136 दुकानों पर मरीजों का इलाज किया जाता रहा। इनमें से 29 स्वास्थ्य रक्षक मिले हैं। वहीं 84 झोलाछाप सर्वे टीम की भनक लगने के बाद से भाग निकले। इसके चलते २३ झोलाछापों की दुकानें सर्वे में बंद बताई गई है।
पत्रिका ने उठाया मुद्दा
राजस्थान पत्रिका ने जनवरी माह में ‘मौत बांटती दुकानें’ अभियान छेड़कर लोगों को जागरूक किया। पत्रिका 11 जनवरी को ‘झोलाछाप दे रहे इंजेक्शन, प्रशासन मौन’, 16 जनवरी को ‘कागजों में ही रह गई निगरानी समिति’, 17 जनवरी को ‘नशे का आदी बना रहा झोलाछाप का इंजेक्शन’ 18 जनवरी को ‘सिर्फ 28 कार्यकर्ताओं की आड़ में पनप रहे सैकड़ों झोलाछाप’, 19 जनवरी को ‘गांवों में झोलाछाप की दुकानें बंद करवाने के आदेश’ 28 जनवरी को ‘झोलाछापों का सर्वे करवाएगा चिकित्सा विभाग’ सहित करीब एक दर्जन खबरें प्रकाशित कर चुका है।
खबरों से हरकत में आया विभाग
पत्रिका की खबरों से हरकत में आए चिकित्सा विभाग ने जिले में झोलाछाप चिकित्सक व सामुदायिक स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं का सर्वे करवाने के आदेश दिए। इसके बाद विभाग की टीम ने जिले में संचालित ऐसे स्वास्थ्य केंद्रों की जांच कर रिपोर्ट पेश की है।
यहां है सामुदायिक स्वास्थ्य कार्यकर्ता
चिकित्सा विभाग के सर्वे अनुसार जिले में २९ सामुदायिक स्वास्थ्य कार्यकर्ता चिह्नित किए गए, जो समुदाय में चिकित्सा जागृति फैलाने व आपात स्थिति में प्राथमिक उपचार कर सकते हैं। यह सामुदायिक स्वास्थ्य कार्यकर्ता द्वारकाधीश मंदिर के पास एमड़ी राजसमंद, मादड़ी देवस्थान, रेलवे स्टेशन आमेट, राज्यावास, बिजनोल नाथद्वारा, लावासरदारगढ़ आमेट, केलवा चौपाटी , फरारा, पीपरड़ा, धांयला गुडला नाथद्वारा, बामनहेड़ा नाथद्वारा, आत्मा, थुरावड़ कुंभलगढ़, सापोल, रीछेड़ कुंभलगढ़, बड़लिया, वणाई, नमाना, मेरड़ा आमेट, रठुंजना बिलोता नाथद्वारा, कोशीवाड़ा खमनोर, मोलेला खमनोर, गुंजोल, पीपरडा, जूणदा रेलमगरा, राजनगर में स्थित है।
सर्वे पूरा अब करेंगे कार्रवाई
जिले में कितने स्वास्थ्य कार्यकर्ता हैं और कितने झोलाछाप, इसका सर्वे पूरा हो चुका है। सर्वे के दौरान टीम को झोलाछापों की दुकानें बंद मिली है, उन पर हम नजर बनाए रखेंगे, अगर दुकानें खुलती है तो उचित कार्रवाई की जाएगी। -डॉ. पंकज कुमार गौड़, सीएमएचओ, राजसमंद
Published on:
04 Jul 2018 05:50 pm
