
पंचायत के फरमान को जिला कलक्टर कर दिया निरस्त...यह है पूरा मामला
पंचायत समिति राजसमंद के ग्राम पंचायत पसुन्द में आरक्षित भूमि पर संचालित डम्पिंग यार्ड संचालन का अनुबंध 31 जनवरी 2024 को समाप्त हो गया था। ग्राम पंचायत पसुन्द में 2 अक्टूबर 2023 को आयोजित ग्राम सभा की बैठक के प्रस्ताव संख्या 7 अनुसार डंपिंग यार्ड को ग्राम पंचायत स्तर पर संचालित करने का निर्णय लिया गया था, जो विधि सम्मत नहीं पाया गया। साथ ही ग्राम पंचायत पसुन्द की बैठक 19 जनवरी 2024 के प्रस्ताव संख्या 4 में विभिन्न वाहनों के दरों के लिए राजस्थान लोक उपापन में पारदर्शिता अधिनियम 2012 एवं नियम 2013 के तहत निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया। पारित प्रस्ताव भी विधि सम्मत नहीं होने से राजस्थान पंचायत राज अधिनियम 1994 की धारा 92 में वर्णित शक्तियों का प्रयोग करते हुए ग्राम पंचायत पसुन्द की ओर से पारित प्रस्ताव को जिला कलक्टर ने रद्द कर दिया है।
राजस्व आय की ना हो हानि
डंपिंग यार्ड में प्राप्त होने वाली गीली स्लरी की अनुमानित मात्रा एवं आय के साथ ही सूखी स्लरी के विक्रय से अनुमानित राशि की गणना उपखंड अधिकारी की अध्यक्षता में गठित कमेटी की ओर से प्राप्त रिपोर्ट अनुसार आरक्षित दरों पर निर्धारित करने एवं आगामी वर्ष के लिए निविदा प्रक्रिया संपन्न होने तक डंपिंग यार्ड पसुन्द के संचालन विकास अधिकारी पंचायत समिति एवं तहसीलदार की ओर से निगरानी की जाएगी। जिला कलक्टर के आदेशानुसार दोनों अधिकारी यह सुनिश्चित करेंगे कि डंपिंग यार्ड विधि सम्मत संचालित होता रहे तथा किसी भी प्रकार के राजस्व आय की हानि नहीं हो।
यह होंगे कमेटी में, सात दिन में देनी होगी रिपोर्ट
कमेटी के अध्यक्ष नरेंद्र कुमार उपखंड अधिकारी, परियोजना अधिकारी लेखा जिला परिषद गौरव सोमानी सदस्य, उपविधि परामर्शीय कलक्ट्रेट राकेश ओझा सदस्य, विकास अधिकारी संगीता व्यास सदस्य सचिव, खनिज अभियंता द्वितीय राजसमंद गोपाल बच्छ सदस्य होंगे। यह कमेटी आरक्षित डंपिंग यार्ड का भौतिक सत्यापन करते हुए प्रतिदिन प्राप्त होने वाली गीली स्लरी की अनुमानित मात्रा एवं आय के साथ ही सूखी स्लरी विक्रेता से अनुमानित राशि की गणना का रिकॉर्ड तैयार करेगी। कमेटी द्वारा गणना उपरांत आरक्षित दरों का निर्धारण कर दरों को रिपोर्ट के साथ प्रस्तुत करेंगे। गीली स्लरी होने से पर्यावरण नुकसान डम्पिंग यार्ड के आसपास सभी वृक्षारोपण के साथ ही किसी प्रकार के राजस्व हानि नहीं होने आदि के सुझाव सहित जांच वस्तुस्थिति की रिपोर्ट सात दिवस में कलक्टर को भिजवाना सुनिश्चित करेगी।
Published on:
24 Feb 2024 11:32 am
