2 अप्रैल 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

दूसरी पंक्ति ने सम्भाला मोर्चा, मरीज 50 फीसदी घटे, ऑपरेशन टले

वैकल्पिक बंदोबस्त से हालात रहे नियंत्रित  

less than 1 minute read
Google source verification
rj3002.jpg

राजसमन्द. राइट टू हेल्थ बिल के विरोध में उतरे निजी अस्पतालों के चिकित्सकों की हड़ताल के समर्थन में बुधवार को जिलेभर के सरकारी चिकित्सालयों में सेवारत् चिकित्सकों ने भी पूरे दिन की छुट्टी रखी। हालांकि सभी अस्पतालों में वैकल्पिक बंदोबस्त किए गए, लेकिन कहीं आधे मरीज ही चिकित्सालय पहुंचे तो कहीं गैर आपातकालीन ऑपरेशन टाल दिए गए।
आरके जिला अस्पताल में 33 डॉक्टर्स में से प्रमुख चिकित्सा अधिकारी डॉ. ललित पुरोहित, वरिष्ठ चिकित्सक मंजू पुरोहित, रमेश रजक सहित करीब 11 चिकित्सकों ने ड्यूटी दी, जबकि 21 डॉक्टर सामूहिक छुट्टी पर रहे और एक चिकित्सक पहले से मेडिकल लीव पर हैं।
चिकित्सकों की हड़ताल की पूर्व सूचना की वजह से जिला अस्पताल के आउटडोर और इनडोर में औसत मरीजों की संख्या लगभग आधी रह गई। औसतन यहां 1200 मरीज आउटडोर में व 60 इनडोर में आते हैं, जो कि घटकर 660 व 25 ही आए। इधर, जिले के नाथद्वारा जिला अस्पताल सहित सीएचसी स्तर के चिकित्सा संस्थानों में ऑपरेशन नहीं हुए।

तारीख ओपीडी आईपीडी
29 मार्च/660/25
28 मार्च/1298/59
27 मार्च/1471/80
26 मार्च/528/38
25 मार्च/1188/56
24 मार्च/1268/85
23 मार्च/929/45

अस्पताल आए मरीजों के लिए वैकल्पिक व्यवस्थाएं की गईं। अर्जेंट टेम्परेरी बेस्ड और रेजिडेंट डॉक्टर्स की मदद से व्यवस्थाएं सम्भाली गईं। मरीजों को आपातकालीन इलाज दिया गया।
डॉ. ललित पुरोहित,
प्रमुख चिकित्सा अधिकारी,
आरके जिला अस्पताल