
नामली में बंद के दौरान कांगे्रस व पुलिस के बीच विवाद
रतलाम/ नामली। कांग्रेस के भारत बंद के दौरान शहर से लेकर गांव तक पुलिस व कांग्रेस नेता व कार्यकर्ताओं के बीच विवाद होता नजर आया। शहर में बंद के दौरान स्थानीय कांग्रेस नेताओं का पुलिस से विवाद हुआ तो नामली में जिला कांग्रेस अध्यक्ष और पुलिस के बीच हंगामा हुआ। नामली में पुलिस का कहना था कि आचार संहिता लगी है और आप प्रदर्शन नहीं कर सकते हो। वहीं दूसरी और कांग्रेसी नेताओं का कहना था कि अभी आचार संहिता जब लगी नहीं है तो आप बंद कराने से कैसे रोक सकते हो।
नामली में सुबह 10 बजे बाजार पूरी तरह से खुलते दिखे। ये देख कांग्रेसियों ने गुलाब के फूल देकर व हार पहनाकर दुकानदारों के पास पहुंचकर दुकानें बंद करने का निवेदन करते रहे। इस बीच दोपहर में जब कांग्रेसी सेमलिया रोड पर दुकानें बंद कराने पहुंचे तो वहां पर पुलिस फोर्स भी पहुंच गया। यहां एसडीओपी मानसिंह चौहान ने कांग्रेसियों से पूछ लिया कि किसकी अनुमति से दुकानें बंद कराई जा रही है। इस पर कांग्रेसी नेताओं का कहना था कि हम शांतिपूर्ण तरीके से व्यापारियों से निवेदन कर दुकानें बंद करा रहे है। ये बात सुनते ही एसडीओपी बोल पड़े कि आचार संहिता लगी है, एेसे में आप ये नहीं कर सकते है।
सीएम के कार्यक्रम में नहीं होगी भीड़
आचार संहिता सुनते ही कांग्रेसी नेता बोल पड़े कि अभी कौन सी आचार संहिता लगी है, जो वे लोग विरोध नहीं कर सकते है। यदि एेसा है तो क्या सीएम १२ को रतलाम में नहीं आएंगे और आते है तो क्या वहां कार्यक्रम में भीड़ एकत्रित नहीं होगी। कांग्रेसियों की इस बात पर पुलिस और उनके बीच विवाद की स्थिति बन गई। कांग्रेस का आरोप था कि पुलिस भाजपा की एजेंट बनकर उन्हे रोकने का काम कर रही है, वह भी उस स्थिति में जबकि वे लोग शांतिपूर्ण तरीके से बंद करा रहे है।
शहर में भी विवाद
वहीं दूसरी और रतलाम शहर में बंद के दौरान स्टेशन रोड व बाजार में दुकानें बंद कराने के दौरान यहां भी पुलिस व कांग्रेस नेताओं के बीच विवाद हो गया था। एक जगह स्टेशन रोड थाना प्रभारी ने समझाइश देकर मामला निपटाया तो दूसरी जगह सीएसपी विवेकसिंह चौहान को दखल देना पड़ा तब जाकर बात बनी। कांग्रेस के बंद के दौरान आधे दिन के बाद बाजार में जो दुकानें बंद कराई थी, वह भी पूरी तरह से खुली नजर आई।
Published on:
10 Sept 2018 03:52 pm
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