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पुलिस में ऐसे रिश्वत खोर भी, जिन पर चल रहा जांच का डंडा

ले में 20 पुलिसकर्मियों की चल रही विभागीय जांच, दो की बर्खास्तगी के लिए एसपी को डीजीपी को लिखा, एक बर्खास्त
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रतलाम

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harinath dwivedi

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Updated: 29 Dec 2017, 4:59 PM IST

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रतलाम। जिले के करीब २० पुलिसकर्मी पर विभागीय जांच का चक्र चल रहा है। जिसके चलते कई पुलिसकर्मी निलंबित हुए। विभागीय जांच के चलते उन्हें लाइन अटैच कर लूप लाइन में डाल दिया गया है। एसपी का कहना है कि पुलिस की नौकरी में अनुशासन अहम चीज है। कोई व्यक्ति अनुशासनहीनता और गलत काम करता है तो कोर्ट तो उसे सजा देता ही है, लेकिन विभाग भी अपने स्तर पर जांच कर उस पर कार्रवाई करता है।

विभागीय जांच के कुछ अहम मामले
- स्टेशन रोड थाने में पदस्थ करीब छह पुलिसकर्मी को गौवंश तस्करी में मासिक उगाई करने के आरोप में पुलिस ने निलंबित कर सागर लाइन अटैच किया था। उसके बाद अभी उन्हें राहत देते हुए रतलाम लाइन में अटैच किया गया। पुलिसकर्मी नागेश्वर, अशीष, शंकर सिंह, शिवपाल और सुधीर है। इन्होंने भी अपना पक्ष रखते हुए कोर्ट में याचिका दायर कर रखी है।

- स्पेशल ब्रांच (विशेष शाखा) के निरीक्षक जीएल श्रीवास्तव का सरकारी वाहन (एमपी-03/ए-3452) चोरी होने के मामले में आरोपी प्रधान आरक्षक ब्रजेश शर्मा की विभागीय जांच कर बर्खास्तगी की कार्रवाई। देवास स्थानांतरण होने पर रंजिश के तहत टीआर्ठ का वाहन चुराया था। उनका कहना था कि टीआई कि शिकायत पर स्थानांतरण हुआ है।

- बिलपांक थाने में पदस्थ महिला आरक्षक संध्या नागदा लंबे समय से ड्यूटी से अनुपस्थित है। जिसको विभाग ने कई बार नोटिस दिया। एसपी ने उसकी बर्खास्तगी की कार्रवाई के लिए डीजीपी को पत्र लिखा है। पता चला है कि आरक्षक नागदा का आरआई से विवाह हुआ है। जिसके चलते वह नौकरी से लगातार अनुपस्थित बिना बताए चल रही है।

- थाना प्रभारी माणक चौक दिनेश वर्मा की एक प्रकरण में नाम निकलवाने के लिए दस लाख रुपए की मांग की वाइस रिकार्डिंग एसपी को सौंप कर शिकायत हई थी। जिनकी विभागीय जांच के दौरान पुलिस मुख्यालय अटैच कर दिया गया था। अब राहत देते हुए उज्जैन जिले के खाचरोद थाने में पदस्थ किया गया है।

- रावटी से चोरी गई बाइक चलाने वाले प्रधान आरक्षक मिर्जा मकबूल पर पुलिस की विभागीय कार्रवाई करते हुए निलंबित कर दिया गया था। वह इस कार्रवाई के विरूद्ध हाईकोर्ट गए थे। जहां से क्लीन चिट देकर निर्दोष बताया था। 2013 में स्वयं अशोक चत्तर ने प्रधान आरक्षक मिर्जा को चोरी गई बाइक चलाते रंगे हाथ पकड़ा था। लेकिन मामले को दबाने के लिए प्रधान आरक्षक ने इसे लावारिस में जब्त होना बताया।

- दोहरे हत्याकांड के आरोपी शंकर पिता गौतम मुनिया (25) निवासी धावड़ादेह सैलाना उपजेल से भागने के मामले में जेल के मुख्य प्रहरी सुरेश मालवीय सहित प्रहरी मनोज पाटीदार व भुवान सिंह डामर को निलंबित कर दिया गया था। सेंट्रल जेल अधीक्षक ने यह कार्रवाई की। कलेक्टर ने घटना की मजिस्ट्रीयल जांच हुई।

विभागीय जांच डेढ दर्ज लोगों की चल रही है

जिले में आधा दर्जन से अधिक पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की विभागीय जांच चल रही है। उनके दोषी होने पर वेतन वृद्धि और बर्खास्तगी जैसी कार्रवाई होती है। फिलहाल चोरी के मामले में आरोपी प्रधान आरक्षक ब्रजेश शर्मा की बर्खास्तगी की कार्रवाई की गई है। वहीं लंबे समय से ड्यूटी से नदारद महिला आरक्षक संध्या नागदा की बर्खास्तगी कार्रवाई की प्रक्रिया चल रही है।
- अमित सिंह, एसपी रतलाम