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स्टील के युग में अब परिवर्तन पर होगा विचार

मेरा शहर मेरा समाज में आज कसारा समाज
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vikram ahirwar

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Aug 01, 2017

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रतलाम।
समाज में शिक्षा स्तर सुधारने पर विशेष बल दिया जाएगा, इसके लिए पुन: समाज के विद्यार्थियों को अच्छे अंक लाने पर पुरस्कृत किया जाएगा, ताकि वे अधिक रूचि लेकर शिक्षा के क्षेत्र में आगे बड़े। इसके साथ ही समाजजनों जल्द ही बैठक आयोजित की जाकर नये प्रकल्पों पर विचार विमर्श किया जाएगा। इसमें सबसे प्रमुख विषय रहेगा परम्परागत व्यवसाय को स्टील के युग में कैसे परिवर्तन किया जाए ।



यह बात पत्रिका के मेरा शहर मेरा समाज कॉलम के अन्तर्गत चर्चा करते हुए कसेरा तागलसात समाज के अध्यक्ष घनश्याम कसेरा, कोषाध्यक्ष कैलाशचंद्र कसेरा, सचिव नाथुलाल कसेरा ने कही। कसेरा ने बताया कि रतलाम में कसारा समाज के 110 परिवार निवास करते हैं। अधिकांश समाजजन पुराने समय से बर्तन निर्माण के कार्य से जुड़े है, लेकिन अब स्टील आने से काम प्रभावित होने लगा है। अब कुछ नये बिजनेस की तरफ व्यवसाय ले जाने के संबंध में नई कार्यकारिणी में प्रमुख मु²ा रहेगा और इससे निपटने के लिए भी विचार विमर्श किया जाएगा।



पुरस्कार वितरण पुन: शुरू होगा

कसेरा ने बताया कि शिक्षा के क्षेत्र में पहले अच्छे अंक वालों विद्यार्थियों को पुरस्कृत किया जाता रहा था, कुछ सालों से बंद है अब पुन: उसे चालू करने पर विचार किया जा रहा है। ताकि समाज के बच्चे प्रोत्साहित होकर शिक्षा और ज्यादा ध्यान दे। इस समाज स्तर पर शुरू किया जाएगा। समाज में फिजुलखर्ची बहुत कम है, दहेज प्रथा तो ना के बराबर है।



1 हजार से अधिक समाजजन रतलाम में

रतलाम में 110 से अधिक परिवार निवास करता है, जिसमें 1000 से अधिक समाजजन निवास करते हैं। नौकरी में 10-15 प्रतिशत लोग है। व्यवसायी रूप से 25-30 प्रतिशत जुड़े है। अन्य छोटे-बड़े बर्तन निर्माण व अन्य कार्यों से जुड़े हुए है।