1 फ़रवरी 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

एमपी के इस प्रोजेक्ट में यूपी सीएम योगी की है दिलचस्पी

मऊगंज विधायक से बोले हर संभव सहयोग करेगी यूपी की सरकार222 गांवों के लिए बाणसागर परियोजना से दिया जाएगा पानी

2 min read
Google source verification

रीवा

image

Mrigendra Singh

Dec 26, 2017

rewa

UP CM Yogi's interest in this project of Madhya pradesh

रीवा। बाणसागर परियोजना के यूपी कैनाल से जिले के हनुमना अंचल में सिंचाई परियोजना लागू किए जाने के मामले में उत्तर प्रदेश की सरकार ने सहमति देने की हामी भर ली है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि मध्यप्रदेश के इस सिंचाई प्रोजेक्ट पर केवल अनापत्ति ही नहीं उनकी ओर से अन्य सहयोग भी दिया जाएगा। मऊगंज के कांग्रेस विधायक ने अपने क्षेत्र के कैलाशपुर सिंचाई परियोजना के लिए एनओसी जारी करने की मांग सीएम योगी से की है।

222 गांवों को पानी पहुंचाएगी परियोजना
कैलाशपुर सिंचाई परियोजना से रीवा जिले के हनुमना तहसील के 222 गांवों में पानी पहुंचाया जाएगा। इसका प्रस्ताव तैयार कराने वाले मऊगंज के विधायक सुखेन्द्र सिंह बन्ना ने कहा है कि मध्यप्रदेश के जलसंसाधन विभाग के प्रमुख सचिव ने यूपी सरकार से अनापत्ति प्रमाण पत्र मांगा था। यह मामला लंबे समय से अटका हुआ था, इस कारण यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात कर अनापत्ति देने की मांग की गई। जिस पर उन्होंने कहा कि यूपी सरकार की ओर से कई आपत्ति नहीं है, जल्द ही तकनीकी प्रारूप तैयार कर औपचारिक प्रतिवेदन मध्यप्रदेश सरकार को भेजा जाएगा।

6.3 क्यूमेक पानी यूपी कैनाल से लेगा एमपी
कैलाशपुर सिंचाई परियोजना के लिए 6.3 क्यूमेक पानी की जरूरत होगी। यह परियोजना हनुमना तहसील से गुजरने वाली उत्तर प्रदेश की नहर में शामिल होगी। बाणसागर बांध से निकलने वाली उस नहर में 46 क्यूमेक पानी का प्रवाह होगा, जिससे 6.3क्यूमेक मध्यप्रदेश सरकार ने मांग की है।

अपने हिस्से के पानी का उपयोग करेगा मध्यप्रदेश
बाणसागर परियोजना में एपी, यूपी और बिहार तीन राज्यों की हिस्सेदारी है। मध्यप्रदेश की सरकार ने कहा है कि उक्त 6.3 क्यूमेक पानी की भरपाई वह अपने हिस्से के पानी से करेगी। नहर की क्षमता वृद्धि में भी सरकार राशि खर्च करेगी। जलसंसाधन विभाग ने जो डीपीआर तैयार किया है उसमें हनुमना क्षेत्र के 222 गांवों तक पानी पहुंचाया जाएगा। जिससे 18 हजार हेक्टेयर रकबे में सिंचाई होगी। इसकी लागत 470.02 करोड़ रुपए अनुमानित है। इस प्रोजेक्ट के शुरू होने के बाद जलसंकट से जूझ रहे क्षेत्र के लोगों को बड़ी राहत मिलेगी।

.. तो तीन महीने के बाद करेंगे आंदोलन
मऊगंज विधायक सुखेन्द्र सिंह ने कहा है कि यूपी के मुख्यमंत्री ने कहा है कि जल्द ही उनकी सरकार एनओसी भेज देगी। यदि तीन महीने के भीतर यह प्रक्रिया पूरी नहीं हुई और क्षेत्र के लोगों का ध्यान मध्यप्रदेश की सरकार ने भी नहीं दिया तो बड़ा आंदोलन चलाया जाएगा। यूपी जाने वाली नहर को हनुमना क्षेत्र की सीमा से नहीं गुजरने देंगे।

पानी के लिए बड़ा आंदोलन कर चुके हैं ग्रामीण
हनुमना अंचल में पानी के संकट के चलते बीते साल मई महीने में करीब 25 हजार की संख्या में ग्रामीण जुटे थे और क्षेत्र के लिए सिंचाई परियोजना की मांग उठाई थी। इस आंदोलन का नेतृत्व क्षेत्रीय विधायक सुखेन्द्र सिंह ने किया था। ग्रामीणों का साथ होने की वजह से विधायक ने इस मामले को तीन बार विधानसभा में उठाया है। साथ ही लगातार चेतावनी भी दे हैं कि यदि जल्द कार्य प्रारंभ नहीं हुआ तो यूपी कैनाल को अपने क्षेत्र की सीमा से नहीं गुजरने देंगे।

Story Loader