
नवरात्र शुरू होते ही पूरे शहर में उत्सव का नजारा दिखाई दे रहा है। शहरवासी माता रानी की भक्ति में डूबे हुए हैं। 150 के अधिक देवी पंडाल में माता की स्थापना की गई है। यहां माता रानी के जयकारों से गूंज रहे हैं। सुबह-शाम आरती के साथ घरों में भी पूजा अर्चना का सिलसिला चल रहा है। पूरा शहर रोशनी से जगमगा रहा है, और आकर्षक लाइटिंग लोगों के लिए आकर्षण का मुख्य केंद्र बनी हुई है। शहर में जगह-जगह सजे माता रानी के दरबारों में दर्शन के लिए भक्तों की लंबी-लंबी कतारें लगने लगी है।
मकरोनिया के दीन दयाल नगर में नौ देवियों की एक ही मूर्ति में दर्शन हो रहे हैं। समिति के अध्यक्ष सिद्धार्थ सिंह बामोरा ने बताया कि मार्केट में आदिशक्ति मां भवानी स्थापना का यह 20 वां वर्ष है। हर वर्ष हम आदिशक्ति मां भवानी के अनेक रूपों की स्थापना करते हैं। इस बार हमारी समिति ने अष्टभुजी मां भगवती के आठों भुजाओं में अष्ट देवी एवं स्वयं आदि शक्ति मां भवानी के स्वरूप का झांकी स्थापना की है। राम दरबार मंदिर की महंत केशव गिरी महाराज ने बताया कि आदिशक्ति मां भवानी के आठ भुजाओं में नौ देवियों की स्थापना में समस्त देवियों की आराधना दर्शन का लाभ प्राप्त हो रहा है। प्रथम भुजा में शैलपुत्री स्थिरता की प्रतीक है। ब्रह्मचारिणी तपस्या, चंद्रघण्टा शांति, कूष्माण्डा सृजन, स्कंद माता मातृत्व, कात्यायनी शक्ति, कालरात्रि विनाश, महागौरी पवित्रता और सिद्धिदात्री सिद्धियों की दाता है।
श्वेत कमल काली कमेटी ने गुजराती बाजार में माता की स्थापना की है। अध्यक्ष देवेंद्र पटेल ने बताया कि 58 वें वर्ष माता की स्थापना हुई है। शेर के ऊपर माता का मनमोहक दर्शन हो रहे हैं।
नमक मंडी में 55 वें वर्ष लाल कमल काली कमेटी ने माता की स्थापना की है। अध्यक्ष चौरसिया ने बताया कि यहां मां जगदंबा के साथ भगवान शंकर, हनुमान, माता सरस्वती व भगवान गणेश के भी दर्शन हो रहे हैं।
तीनबत्ती पर एकता नवदुर्गा समिति ने माता की स्थापना की है। नौ भुजाओं वाली देवी राक्षस पर प्रहार करते नजर आ रही हैं। बड़ी संख्या में भक्त माता के दर्शनों के लिए पहुंच रहे हैं।
Updated on:
26 Sept 2025 05:07 pm
Published on:
26 Sept 2025 05:07 pm
