अलग-अलग मामलों में फरार थे आरोपी
बीना. ट्रेन व रेलवे क्षेत्र में चोरी की घटनाओं को अंजाम देने वाले अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए जीआरपी ने एसआरपी हितेश चौधरी के निर्देशन, एएसपी अमित वर्मा, डीएसपी शुभा श्रीवास्तव के मार्गदर्शन में टीम गठित की गई। टीम ने अलग-अलग मामलों में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनसे करीब दो लाख रुपए का मशरुका भी जब्त किया गया। जानकारी के अनुसार पांच जुलाई को छोटी बजरिया में रवि कुमार जैन की दुकान की खिड़की तोड़कर दुकान से तीन लाख रुपए व मोबाइल चोरी हो गया था। जीआरपी ने सायबर सेल, डिटेक्टिव शाखा की सहायता से मामले में प्रीतम पिता गोवर्धन धानक (22) निवासी मिशन कंपाउंड को गिरफ्तार कर आरोपी से मोबाइल व चोरी किए गए रुपए से खरीदी गई बाइक कीमत 65 हजार रुपए, इन्हीं रुपयों से खरीदा गया एक मोबाइल, चोरी गए रुपए में से 18 हजार रुपए जब्त किए हैं। आरोपी के खिलाफ मोतीनगर थाना सागर में अपहरण, बलात्कार सहित अन्य धाराओं के तहत भी मामला दर्ज है। आरोपी ने पूछताछ में 13 सितंबर को मुसाफिर खाना टिकट विंडों से यात्री सतेन्द्र पिता शेरसिंह राजावत से बैग चोरी करना कबूल किया, जिसमें दस्तावेज, दस हजार रुपए नकद थे, इसमें से सात हजार हजार रुपए जब्त किए गए हंै। इसके अलावा विंध्याचल एक्सप्रेस में 25 हजार रुपए की चोरी में दस हजार रुपए का मशरुका भी बरामद किया गया है। वहीं, ट्रेन में सो रहे एक यात्री का मोबाइल चोरी करने के मामले में रामप्रसाद पिता गरीबदास अहिरवार (23) निवासी गुढ़ा बुजुर्ग थाना नाराहट ललितपुर को गिरफ्तार कर मोबाइल बरामद किया गया है। इसके अलावा ट्रेन से चोरी गए मोबाइल के एक अन्य मामले में अनिल पिता रामनिवास नट (34) निवासी मिर्जापुर तहसील मंडाव शाजापुर को गिरफ्तार कर मोबाइल जब्त किया गया है। सभी मामलों में करीब दो लाख का मशरुका जब्त किया गया है। मामलों के खुलासे में एसआइ श्वेता सोमकुंवर, एएसआइ राकेश गर्ग, प्रधान आरक्षक महेन्द्र सिंह, अनिल तिवारी, आरक्षक राकेश नरवरिया, नीरज वाजपेई, खिलान सिंह, सौरभ श्रीवास्तव, महिला आरक्षक अंजली सिंह, डिटेक्टिव यूनिट एएसआइ नरेन्द्र रावत, सायबर सेल आरक्षक शैलेन्द्र की अहम भूमिका रही।