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रेल बजट : सागर को चाहिए कुछ खास, प्रभु के बाद अब पीयूष से आस

बीते सालों के बजट की बात करें तो संभागीय मुख्यालय को ज्यादा कुछ नहीं मिला है।  

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सागर

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Aakash Tiwari

Jan 23, 2018

sagar patrika news

Rail Budget in February Sagar should be special

सागर. फरवरी की शुरुआत में आम बजट के साथ रेल बजट आएगा। लंबे समय से सुगम रेल यातायात की मांग कर रहे सागरवासियों को इस बार भी बजट से खासी उम्मीदें हैं, लेकिन ये पूरी होंगी या नहीं ये तो बजट का पिटारा खुलने के बाद भी पता चलेगा। बीते सालों के बजट की बात करें तो संभागीय मुख्यालय को ज्यादा कुछ नहीं मिला है। लोगों का कहना है कि देश-प्रदेश में जब-जब नई सरकारें आईं, तब-तब रेल को लेकर आश्वासनों और घोषणाओं का रेला सा आया, लेकिन हकीकत में कुछ नहीं हुआ। अब इस बार तो सरकार को बुंदेलखंड के बारे में विचार करना चाहिए। सागरवासियों को सबसे ज्यादा जरूरत नागपुर, बेंगलुरु, मुंबई, सूरत आदि जगहों के लिए सीधी ट्रेन की है। सागर के सैकड़ों लोग इन शहरों में निवास करते हैं, जबकि कई को इलाज या पढ़ाई के लिए यहां आना-जाना होता है। इन बड़ों शहरों से सागर का कारोबार भी जुड़ा हुआ है। साथ ही पूर्व में घोषित की गई रेल लाइनों के सर्वे का काम भी अब तक अटका हुआ है। इसके अलावा बीना जंक्शन में भी सुविधाएं बढ़ाने की बेहद जरूरत है। मौजूदा समय में इतने बड़े जंक्शन में न तो एस्केलेटर की व्यवस्था है और न ही लिफ्ट है। ऐसे में यहां आने वाले दिव्यांग यात्री खासे परेशान होते हैं।

सांसद ने रेलवे जीएम से मुलाकात कर रखीं मांगें

पश्चिम मध्य रेलवे मंडल जबलपुर में हालही में संसद सदस्यों की बैठक बुलाई थी। इसमें सांसदों ने रेल सुविधाओं के विस्तार के साथ यात्रियों के लिए क्या-क्या सुविधाएं बढ़ाई जा सकती है। इस संबंध में सुझाव भी रखे हैं। बैठक में नए जीएम गिरीश पिल्लई भी उपस्थित थे। सांसद लक्ष्मीनारायण यादव ने रेवांचल एक्सप्रेस को इंदौर तक बढ़ाए जाने का सुझाव बैठक में रखा। उन्होंने रेवांचल एक्सप्रेस को इंदौर तक बढ़ाने की बात कही, ताकि सागर से इंदौर जाने वाले छात्रों व परिजनों समेत अन्य यात्रियों को लाभ मिले। उन्होंने रीवा से इंदौर ट्रेन को रोजना चलाए जाने की मांग भी की।

दक्षिण की ट्रेन से आसान हो जाएगा इलाज

सांसद की मांग है कि सागर से दक्षिण भारत के लिए ट्रेन चलना जरूरी है। जिसमें लोगों को इलाज कराने नागपुर और दक्षिण भारत जाने की सुविधा मिले।

ये ट्रेनें मिलें तो बने सागर की बात
- लखनऊ से बेंगलुरु दैनिक सुपरफास्ट ट्रेन वाया कानपुर- करबी- मानिकपुर- सतना- सागर- भोपाल- नागपुर होते हुए चलाई जाए।
- वाराणसी से रामेश्वरम के लिए ट्रेन वाया इलाहाबाद- सतना- दमोह- सागर- विदिशा- भोपाल- नागपुर होते हुए प्रारंभ की जाए।
- जबलपुर से बांदा, खजुराहो इंटरसिटी वाया कटनी- दमोह- सागर- मालखेड़ी- ललितपुर- टीकमगढ़- छतरपुर- खजुराहो- महोबा होते हुए प्रारंभ की जाए।
- मानिकपुर से करबी-बांदा-महोबा- खजुराहो- छतरपुर- टीकमगढ़- ललितपुर- मालखेड़ी- खुरई- सागर- दमोह होते हुए कटनी के लिए पैसेंजर ट्रेन विंध्याचल एक्सप्रेस जैसी ट्रेन चले।
- हबीबगंज से मुंबई चलने वाली साप्ताहिक ट्रेन को कटनी तक बढ़ाया जाए।
- जबलपुर से मुंबई के लिए साप्ताहिक गरीब रथ वाया कटनी- दमोह- सागर- भोपाल प्रारंभ की जाए।
- भोपाल हावड़ा एक्स. पुणे-भोपाल-हावड़ा-गुवाहाटी एक्स. के रूप में चले।
- रीवा-चेन्नई को सागर से होकर चलना चाहिए।
- अयोध्या से रामेश्वरम वाया लखनऊ, कानपुर, कटनी, सागर होकर नई ट्रेन दौड़े।
- गांधीधाम से पुरी वीकली ट्रेन, जो झांसी, बीना से सागर की ओर जाए।
- गांधीधाम-पुरी एक्स., मैसूर-वाराणसी एक्सप्रेस, इलाहाबाद-अहमदाबाद एक्सप्रेस, नागपुर रीवा एक्स का सागर में हो स्टॉपेज
- दरभंगा-अहमदाबाद एक्सप्रेस को वॉया बीना-कटनी तक चलाई जाए

नए बजट में उठी इनकी मांग
- खजुराहो से सागर आने वाली रेल लाइन को सागर से जोड़ा जाए।
- अप्सरा सिनेमा अंडर ब्रिज को चार लाइनों के मापदंड के हिसाब से ही विकसित किया जाए।
- स्टेशन से राहतगढ़ बस स्टैंड तक की रेलवे भूमि पर रेलवे यार्ड विस्तार तथा ट्रेन वाशिंग पिट बनाई जाए।

ये रेलवे लाइन...

- खजुराहो, बड़ामलहरा, बंडा सागर रेल लाइन।
- छिंदवाड़ा, गाडरवारा, उदयपुरा, जैसीनगर, सागर रेल लाइन।
- उदयपुरा भोपाल लाइन के संदर्भ में पमरे केंद्र से बजट व प्रदेश सरकार से भूमि आवंटन की मांग करें जिस पर निर्माण कार्य प्रारंभ हो सके।

आने वाले रेल बजट में समिति ने कई मांगे की हैं। स्टेशन पर यात्रियों की सुविधाएं बढ़ाने पर भी बल दिया है। पूर्व में कई ट्रेनों के संचालन और सर्वे लाइन डाले जाने की घोषणा की गई थी, लेकिन अभी तक वे लंबित है। - रवि सोनी,अध्यक्ष रेल सेवा सुधार समिति